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मतदाता की हथेली पर लगेगी 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' अभियान के लोगो की मोहर

20th Dec 2015
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की योजना बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ को पूरे देश में लागू करने की कोशिशें जारी हैं। लड़के और लड़कियों के अनुपात में सबसे ज्यादा अंतर दिखने वाले राज्यों में से एक हरियाणा ने इसके लिए तमाम तैयारी कर ली है।

हरियाणा में बेटी बचाओ बेटी पढाओं के प्रति लोगों को प्रेरित करने के लिए आगामी पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में प्रत्येक मतदाता की हथेली पर बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओं अभियान के लोगो की मोहर लगाई जाएगी।

कैबिनेट मंत्री कविता जैन ने यह जानकारी सफीदों में भारत विकास परिषद की ओर से आयोजित क्षेत्रिय अधिवेशन में शिरकत करने से पूर्व स्थानीय लोक निर्माण विश्राम गृह में पत्रकारों से बातचीत करते हुए दी। उन्होंने कहा कि हरियाणा में पंचायती राज संस्थाओं की घोषणा हो चुकी है। इस चुनाव में जो भी महिलाएं निर्वाचित होकर आएगीं उन्हे सरकार द्वारा आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा ताकि वे अपने कर्तव्य का निर्वहन अच्छी प्रकार से कर सकें।

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उन्होंने पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में हुए संशोधनों की सराहना करते हुए कहा कि यह संशोधन देश के विकाश में मिल का पत्थर साबित होगें। पढ़ा लिखा निर्वाचित सदस्य ही ग्रामीण क्षेत्र का बेहतर विकास कर सकता है। इसके उपरांत कैबिनेट मंत्री भारत विकाश परिषद के क्षेत्रीय अधिवेशन में ‘विकास संवाद’ नामक पुस्तिका का विमोचन किया और यहीं भारत विकास परिषद की सफीदों शाखा के लिए नए भवन की आधारशिला भी रखी।

उन्होंने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार की भांति ही भारत विकास परिषद राष्ट्र निर्माण में जुटी हुई है। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान, स्वच्छता अभियान व अन्य राष्ट्र निर्माण के लिए चलाए जा रहे अभियानों को सफल बनाने में भारत विकास परिषद का अहम योगदान है।

जींद जिले के सफीदों कस्बे में ही बेटी के होने पर जो किन्नर घर में बधाई मांगने से कतराते थे, वे अब बेटी बचाओ, बेटी पढाओं की मुहिम में अपनी अहम भूमिका निभाएगें।

किन्नर ग्रुप की अध्यक्ष गंगा महंत ने इस मुहिम को लोगों के साथ शुरू किया है। उनका कहना है कि पिछले कुछ वष्रों पहले तक जिस बेटी को देखकर घर वाले रोते थे या फिर भगवान को दोष देते थे। अब वही लोग अपना सौभाग्य मानने लगे है। जिस को देखते हुए किन्नरों ने भी ये फैसला किया है कि अब बेटी होने पर भी वे लोगों के घरों में जाकर जश्न मनाकर बधाई मांगा करेंगे और बताएंगे की अब बेटी परिवार पर बोझ नहीं है बल्कि बेटी से दो वंशों का नाम रोशन होता है।

गंगा महंत ने बताया कि वे इस दौरान जिस घर जाएंगी उन्हें बेटी की महत्व के बारे अवगत करवाया जाएगा।


पीटीआई

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