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भारत में स्टार्टअप का माहौल तेजी से बढ़ रहा है, यह विचार मेरे दिल के करीब है-मोदी

28th Sep 2015
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पीटीआई


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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि भारत में स्टार्टअप कंपनियों के लिए परिवेश तेजी से विकसित हो रहा है जो युवाओं की उर्जा, उनके उद्यम और नवाचार का परिणाम है।

मोदी ने नैसकॉम द्वारा आयोजित एक समारोह में कहा कि भारत में अब नए उपक्रमों के लिए दिलचस्पी, प्रोत्साहन और व्यवस्थाएं है। इस कार्यक्रम में लिंक्डइन के सह संस्थापक रीड होफमैन ने भी भाग लिया।

मोदी ने सिलिकॉन वैली में आयोजित स्टार्टअप समारोह में कहा, ‘‘ भारत में स्टार्टअप कंपनियों के लिए परिवेश तेजी से विकसित हो रहा है। इसके पीछे युवाओं की उर्जा, उनके उद्यम और नवाचार का हाथ है। हमारे पास तेजी से विकसित हो रहा बड़ा बाजार और हर क्षेत्र में नए अवसर हैं।’’ उन्होंने कहा कि भारत द्वारा विदेश में अपना पहला स्टार्ट अप कार्यक्रम सिलिकॉन वैली में आयोजित किया जाना स्वाभाविक है। भारत और अमेरिका के बीच नवाचार और तकनीक के क्षेत्र में स्वाभाविक साझीदारी है जिसने ज्ञान अर्थव्यवस्था को आकार दिया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नयी दिल्ली में अपनी नई सरकार की तुलना स्टार्टअप से करते हुए कहा कि उसे भी अपनी राह में रुकावटों का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि आज के बड़े कॉरपोरेशन बीते कल में स्टार्टअप ही थे ।

मोदी ने भारत और अमेरिका के स्टार्टअप समुदाय के सदस्यों से यहां कहा, ‘‘ जब मैं पिछले साल दिल्ली पहुंचा, तो मुझे लगा कि मेरी सरकार एक स्टार्टअप ही है। आपकी तरह मुझे भी राह में कई रुकावटों का सामना करना पड़ा।’’ उन्होंने कहा कि आज के बड़े कॉरपोरेशन बीते कल में स्टार्टअप थे। अब अंतर यह है कि डिजिटल युग ने स्टार्टअप के अनुकूल नया माहौल तैयार किया है।

उन्होंने कहा कि स्टार्टअप का विचार उनके दिल के करीब है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज के बड़े कॉरपोरेशन कल स्टार्टअप ही थे। जो अंतर है वह यह है कि आज का दौर डिजिटल दौर है जिसने स्टार्टअप के लिए नया अनुकूल माहौल तैयार किया है । मोदी ने कहा, ‘‘ आपको हैरत हो सकती है क्योंकि ऐसा माना जाता है कि सरकारें और राष्ट्रीय राजधानियां चीजें शुरू करने की नहीं अपितु रोकने या गति धीमी करने का काम करती है। मुझे पता है कि किसी समय सिलिकॉन वैली का वाशिंगटन के बारे में यही मानना था और ऐसा ही बेंगलूरू में तकनीक विशेषज्ञ नयी दिल्ली के बारे में सोचते हैं। मैं जानता हूं कि आपमें से कई यह सोचते हैं कि केवल वही समस्याएं अनसुलझी है जिनके लिए आपने अभी तक ऐप नहीं बनाए हैं।’’ मोदी ने कहा कि वह उनकी चुनौतियों को समझते हैं और साथ ही कुछ नया बनाने के अद्भुत एहसास से भी परिचित हैं।

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