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ताजा चुनाव सर्वेक्षण में हिलेरी दो अंकों से आगे

दूसरी तरफ राष्ट्रपति पद की दौड़ में डोनाल्ड ट्रंप भले ही चुनाव सर्वेक्षणों में पीछे चल रहे हों लेकिन ये रिपब्लिकन उम्मीदवार अमेरिका में गूगल पर खोजे जाने के मामले में अपनी डेमोक्रेट प्रतिद्वंदी हिलेरी क्लिंटन से कहीं अधिक लोकप्रिय हैं।

PTI Bhasha
8th Nov 2016
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अमेरिका के राष्ट्रपति पद के चुनाव से पूर्व कराए गए एक ताजा सर्वेक्षण के अनुसार व्हाइट हाउस के लिए मुकाबला और कांटे का हो गया है और डेमोक्रेटिक उम्मीदवार हिलेरी क्लिंटन अपने रिपब्लिकन प्रतिद्वंद्वी डोनाल्ड ट्रंप से मात्र दो प्रतिशत अंक से आगे हैं।

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अमेरिका के राष्ट्रपति के चयन के लिए आठ नवंबर को हो रहे चुनाव में अनुमानत: 20 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग कर रहे हैं। इनमें से तीन करोड़ 50 लाख से अधिक मतदाता पहले ही मतदान कर चुके हैं।

फॉक्स न्यूज ने अपने ताजा सर्वेक्षण में कहा कि ट्रंप (43 प्रतिशत) हिलेरी से (45 प्रतिशत) दो प्रतिशत अंकों से पीछे चल रहे हैं। हिलेरी एक सप्ताह पूर्व तीन अंक और मध्य अक्तूबर में छह अंकों से आगे थीं।

डेमोक्रेटिक चुनाव सर्वेक्षक क्रिस एंडरसन का कहना है, कि ‘एफबीआई की कार्रवाई ने हिलेरी को अंतिम सप्ताह में बचाव की मुद्रा में आने पर मजबूर कर दिया।’ एक अन्य मीडिया संस्थान ने हिलेरी को मिलने वाले निर्वाचन मंडल के मतों को पहली बार 270 की संख्या से नीचे बताया। अमेरिका में चुनाव जीतने के लिए 270 मत प्राप्त करना आवश्यक है। सीएनएन ने अपने चुनावी नक्शों के अनुमानों के अनुसार, इस साल राष्ट्रपति पद के चुनाव में हिलेरी को निर्वाचन मंडल के 268 मत मिलने की संभावना जताई है, जो आवश्यक संख्या से दो कम है। सीएनएन ने ट्रंप को निर्वाचन मंडल के 204 मत मिलने की संभावना व्यक्त की है। प्रमुख अमेरिकी मीडिया संस्थान के अनुसार ट्रंप को पिछले दो सप्ताह में, खासकर हिलेरी के कथित ईमेल घोटाले में जांच पुन: शुरू किए जाने को लेकर एफबीआई निदेशक जेम्स कोमे की पिछले सप्ताह की घोषणा के बाद से लाभ मिला है। सभी बड़े चुनाव सर्वेक्षणों पर नजर रखने वाले रियलक्लीयरपॉलिटिक्स के अनुसार हिलेरी चुनाव सर्वेक्षणों में औसतन 1.6 प्रतिशत अंकों से आगे हैं।

द न्यूयार्क टाइम्स में नैट सिल्वर के पोल्स ओनली मॉडल के अनुसार हिलेरी के जीतने की संभावना 67.8 प्रतिशत है जबकि हफिंगटन पोस्ट के अनुसार हिलेरी के जीतने की संभावना 97.9 प्रतिशत है।

और उधर दूसरी तरफ राष्ट्रपति पद की दौड़ में डोनाल्ड ट्रंप भले ही चुनाव सर्वेक्षणों में पीछे चल रहे हों लेकिन यह रिपब्लिकन उम्मीदवार अमेरिका में गूगल पर खोजे जाने के मामले में अपनी डेमोक्रेट प्रतिद्वंदी हिलेरी क्लिंटन से कहीं अधिक लोकप्रिय हैं। गूगल द्वारा जारी आंकड़ों से जाहिर होता है कि ट्रंप सात नवंबर तक 38 राज्यों में सर्च किए जाने में आगे थे। इन राज्यों में फ्लोरिडा और मिशिगन भी शामिल हैं।

फॉक्स न्यूज की खबर के मुताबिक गूगल के आंकड़े यह भी बताते हैं कि ट्रंप से जुड़ी खोज में आव्रजन शीर्ष विषय है, जिसके बाद गर्भपात और नस्ली मुद्दा है।

सोशल मीडिया विशेषज्ञ और जेआरएफ के अध्यक्ष कोम जैसन मोलिका के हवाले से बताया गया है कि यदि आप सूचना पर गौर फरमाएं तो आप देखेंगे कि ट्रंप के बारे में शीर्ष पांच सर्च आव्रजन, नस्ल, गर्भपात, आईएसआईएस और अर्थव्यवस्था है। उन्होंने बताया कि जब ट्रंप की बारी आती है तो लोग अब भी और कुछ जानना चाहते हैं। इसका मतलब है कि संभावित मतदाता यह जानना चाहते हैं कि उन्होंने आखिरी 24..48 घंटों में क्या कहा। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि गूगल के सर्च डेटा को ट्रंप के लिए वोट में वृद्धि के तौर पर नहीं देखना चाहिए।

साथ ही एक सर्वेक्षण में पाया गया है अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव की लंबे समय से चली आ रही सरगर्मियां अब जहां अपने अंतिम चरण तक पहुंच गई हैं, वहीं बड़ी संख्या में मतदाता अमेरिकी राजनीति की इस स्थिति से क्षुब्ध महसूस करने लगे हैं। उनका मानना है कि डेमोक्रेटिक उम्मीदवार हिलेरी क्लिंटन और उनके प्रतिद्वंद्वी डोनाल्ड ट्रंप इन चुनावों के बाद देश को एकजुट करने के मामले में गेैर ईमानदार और अक्षम साबित होंगे।

बड़ी संख्या में मतदाता अमेरिकी राजनीति की स्थिति से क्षुब्ध हैं और कई मतदाता यह संदेह भी जाहिर कर रहे हैं कि दोनों बड़े दलों में से किसी एक का भी उम्मीदवार राष्ट्रपति पद के ऐतिहासिक रूप से घिनौने दिखने वाले प्रचार अभियान के बाद देश को एकजुट रखने में सफल होगा भी या नहीं।

अधिकतर मतदाताओं का मानना है कि हिलेरी और ट्रंप दोनों ही चुनावी मौसम के बाद देश को एकजुट रखने में असमर्थ ही रहने वाले हैं।

दस में से आठ से ज्यादा मतदाताओं का कहना है कि प्रचार अभियान ने उन्हें रोमांचित होने के बजाय नकारने की स्थिति में ला दिया है और हिलेरी एवं ट्रंप को गैर ईमानदार माना जा रहा है और अधिकतर मतदाता उनके प्रति अच्छा नजरिया नहीं रखते । हिलेरी ट्रंप पर दहाई अंकों में बढ़त लेने में सफल रही थीं लेकिन उन्होंने इस अंतर को पर्याप्त रूप से कम होते भी देखा। हालांकि सर्वेक्षण में वह अब भी बढ़त की ही स्थिति में हैं, क्योंकि वह महिलाओं और अश्वेत मतदाताओं के बीच लाभ की स्थिति में हैं। सर्वेक्षण में पाया गया कि हिलेरी के पास संभावित मतदाताओं में से 45 प्रतिशत मतदाताओं का समर्थन है जबकि ट्रंप के पास 42 प्रतिशत का समर्थन है। महिलाओं में हिलेरी को ट्रंप की तुलना में 14 अंकों की बढ़त प्राप्त है जबकि पुरूषों में ट्रंप 11 अंकों से आगे चल रहे हैं।

टाइम्स: सीबीएस सर्वेक्षण हिलेरी के ईमेलों को लेकर एफबीआई के ताजा खुलासों के बाद किया गया था, फिर भी मोटे तौर पर 10 में से लगभग छह मतदाताओं का यह कहना है कि किसी भी उम्मीदवार के बारे में अंत समय पर किए गए खुलासे उनके वोटों में कोई ज्यादा अंतर नहीं लाएंगे। हालांकि नए ईमेल खुलासों के कारण हिलेरी को वोट देने से हतोत्साहित होने की बात कहने वालों की तुलना में कहीं अधिक लोगों ने कहा कि ट्रंप के बारे में लगने वाले आरोप उनके वोटों पर नकारात्मक असर डाल सकते हैं।

दस में से चार संभावित मतदाताओं ने कहा कि महिलाओं के प्रति ट्रंप के व्यवहार के कारण इस बात की संभावना कम है कि वे ट्रंप का समर्थन करें। वहीं सर्वेक्षण में शामिल एक तिहाई मतदाताओं ने कहा कि हिलेरी के ईमेल प्रकरण में एफबीआई की जांच में आए नए मोड़ के कारण ऐसा प्रभाव होगा।

चुनाव में धांधली होने के ट्रंप के आरोपों के कई सप्ताह बाद उनके 10 में से छ: से ज्यादा समर्थकों ने कहा कि यदि वह हार भी जाते हैं तो वे नतीजों को स्वीकार कर लेंगे। 

वहीं उनके एक चौथाई से ज्यादा समर्थकों ने कहा कि यदि हिलेरी को विजेता घोषित किया जाता है, तो वे शायद इसे स्वीकार न करें।

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