संस्करणों
विविध

पेस और भूपति की तरह मैसूर का 10 वर्षीय टेनिस स्टार बढ़ रहा है बुलंदियों की ओर

मैसूरू का 10-वर्षीय टेनिस स्टार अब अमेरिका में लेगा ट्रेनिंग

11th Dec 2017
Add to
Shares
89
Comments
Share This
Add to
Shares
89
Comments
Share

सिर्फ दो वर्षों में अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) का खिताब जीतने के अलावा, दस वर्षीय यह खिलाड़ी तमाम खेल बिरादरी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित करने में कामयाब रहा है। 

मुस्तफा एम रजा

मुस्तफा एम रजा


पांच साल की उम्र में नागराज टेनिस केंद्र में ज्वाइन करने के बाद मुस्तफा ने पेशेवर प्रशिक्षण शुरू किया और जल्द ही उसने छह साल की उम्र तक क्लब-स्तर की गैर-एआईटीए टूर्नामेंट खेलना शुरू कर दिया। 

अंडर-12 सेक्शन में मुस्तफा पहले से ही तीन सिंगल्स और युगल जीत चुका है। एआईटीए अंडर-14 प्रतियोगिता में रनर-अप का खिताब जीतने के बाद मुस्तफा अंडर-14 खिलाड़ियों के लिए एक बड़े प्रतियोगी के रूप में उभर रहा है।

सानिया मिर्जा, लिएंडर पेस और महेश भूपति से आगे बढ़िए अब मैसूर की 10 वर्षीय मुस्तफा एम राजा एक असाधारण टेनिस खिलाड़ी के रूप में वैश्विक स्तर पर उभर रहा है। कहा जाता है कि मैसूर समय-समय पर टैलेंटेड टेनिस प्लेयर देश को देता रहता है। इस बार भी एक ऐसा ही प्लेयर दिया है जिससे देश को काफी उम्मीदें हैं। जी हां, वैश्विक मोर्चे पर अपने असाधारण कौशल के साथ मुस्तफा एम राजा लगातार बड़ी उपलब्धियां हासिल कर रहे हैं। सिर्फ दो वर्षों में अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) का खिताब जीतने के अलावा, दस वर्षीय यह खिलाड़ी तमाम खेल बिरादरी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित करने में कामयाब रहा है। यही वजह है कि उसे अमेरिका के फ्लोरिडा स्थित रिक मैकाई टेनिस अकादमी ने उसे स्कॉलरशिप ऑफर की है।

शहर के एक्सेल पब्लिक स्कूल में कक्षा 5 के छात्र मुस्तफा अमेरिका के प्रतिष्ठित संस्थान द्वारा चुने गए कर्नाटक के पहले टेनिस खिलाड़ी है। बता दें कि इस युवा लड़के ने चार साल की उम्र में ही खेल खेलना शुरू कर दिया था। तब उनके पिता मुर्तजा के राजा ने राजीवेंगर में उनके घर पर एक मिनी टेनिस कोर्ट बनावा दिया था। मुर्तुजा ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया 'यह मेरा सपना था कि मेरा बच्चा टेनिस खेले और भारत के लिए विंबलडन और अन्य ग्रैंड स्लैम व ओलंपिक पदक जीते। मुस्तफा का जन्म 20 जनवरी, 2007 को हुआ था तभी मैंने उसके लिए एक छोटा सा क्रिस्टल टेनिस रैकेट बनाया। ये रैकेट मेरे दोस्त ने मुझे गिफ्ट में दिया था। वह छह महीने की उम्र से ही टेनिस रैकेट सही से पकड़ना सीख गया था।'

पांच साल की उम्र में नागराज टेनिस केंद्र में ज्वाइन करने के बाद मुस्तफा ने पेशेवर प्रशिक्षण शुरू किया और जल्द ही उसने छह साल की उम्र तक क्लब-स्तर की गैर-एआईटीए टूर्नामेंट खेलना शुरू कर दिया। जब मुस्तफा ने अपना पहला एआईटीए राष्ट्रीय अंडर-10 टूर्नामेंट का खिताब जीता था वह केवल 8 साल का था। उसके बाद से उसने पीछे मुड़कर नहीं देखा। बहुत पुराने और अनुभवी खिलाड़ियों से भिड़ने के बावजूद मुस्तफा ने प्रत्येक टूर्नामेंट के साथ ही बेहतर और कौशल हासिल किया है। आज तक उसने 21 एआईटीए खिताब जीते हैं (16 जीते और पांच उपविजेता खिताब)। यही नहीं मुस्तफा ने 10 अंडर-10 खिताब जीतकर एक असाधारण रिकॉर्ड भी बनाया है।

अंडर-12 सेक्शन में मुस्तफा पहले से ही तीन सिंगल्स और युगल जीत चुका है। एआईटीए अंडर-14 प्रतियोगिता में रनर-अप का खिताब जीतने के बाद मुस्तफा अंडर-14 खिलाड़ियों के लिए एक बड़े प्रतियोगी के रूप में उभर रहा है। इसी साल जुलाई 2017 में गुवाहाटी में आयोजित एआईटीए अंडर-12 डबल्स सुपर सीरीज जीतने के बाद मुस्तफा को हर कोई जानने लगा। गुवाहटी में मुस्तफा ने पहले सेमीफाइनल में पश्चिम बंगाल के केशव गोयल को 6-2, 7-6, 7-4 से हराकर खिताब के फाइनल में जगह बनाई थी। जिसके बाद फाइनल में कर्नाटक के ही प्रकाश भुवन को 7-6, 7-1, 6-4 से हराकर खिताब जीता था। 

चैंपियनशियप जीतने के बाद मुस्तफा

चैंपियनशियप जीतने के बाद मुस्तफा


इसके अलावा, उन्होंने पिछले महीने बेंगलुरु में आयोजित एआईटीए चैम्पियनशिप सीरीज अंडर-12 टूर्नामेंट में सिंगल्स और युगल खिताब जीत सभी को चौंका दिया। इसके अलावा इसी साल मई में त्रिवेंद्रम में आयोजित एआईटीए टैलेंट सीरीज अंडर-14 टेनिस टूर्नामेंट में मुस्तफा ने अंडर-14 ब्वॉयज डबल का खिताब जीता था।

मुस्तफा के कोच आर नागाराज हैं जो उसे टेनिस का बड़ा खिलाड़ी बनाने के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं। हालांकि मुस्तफा भी अपने कोच और राज्य को टेनिस में लगातार नई पहचान दिला रहा है। मुस्तफा राज्य की सब-जूनियर सेक्शन टेनिस रैंकिंग में टॉप दो खिलाड़ियों में रहा यहीं नहीं उसे नेशनल लेवल पर रैंकिंग प्राप्त हुई है। आपको बता दें कि मुस्तफा एम राजा रिक मैसी टेनिस अकादमी द्वारा चुने जाने वाले दुनिया भर के कुछ बच्चों में से एक है। यहां वह एक महीने के लंबे प्रशिक्षण का हिस्सा होगा।

यह भी पढ़ें: इस युवा इंजिनियर ने खेती से बदल दी नक्सल प्रभावित इलाके दंतेवाड़ा की तस्वीर

Add to
Shares
89
Comments
Share This
Add to
Shares
89
Comments
Share
Report an issue
Authors

Related Tags

Latest Stories

हमारे दैनिक समाचार पत्र के लिए साइन अप करें