Gmail बनाने वाले पॉल बुकहेट बोले - ChatGPT दो साल में Google को 'खत्म' कर सकता है!

Gmail बनाने वाले पॉल बुकहेट बोले - ChatGPT दो साल में Google को 'खत्म' कर सकता है!

Sunday January 29, 2023,

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Gmail बनाने वाले पॉल बुकहेट (Paul Buccheit) ने कहा है कि चैटजीपीटी (ChatGPT) में अगले एक या दो साल में गूगल (Google) को खत्म करने की क्षमता है. बुकहेट का मानना है कि ChatGPT गूगल के सबसे अधिक पैसा बनाने वाले प्रोडक्ट, यानि कि ​​'सर्च' (Search) को खत्म कर देगा. उन्होंने आगे कहा ​​कि अगर ग्लोबल सर्च इंजन दिग्गज - किसी तरह - आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस को अपना भी लेता है, तो भी यह इसे पूरी तरह से तैनात करने में सक्षम नहीं होगा.


OpenAI के ChatGPT कि नवंबर 2022 में लॉन्च होने के बाद से दुनियाभर में चर्चा हो रही है. यह एक प्रोटोटाइप चैटबॉट है जो आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस को समझने और फिर टेक्स्ट का जवाब देने के लिए उपयोग करता है. हालांकि इसे स्वाभाविक रूप से बातचीत करने के लिए डिज़ाइन किया गया है. अब तक इसके परिणाम आश्चर्यजनक, वास्तविक भी रहे हैं. यह कुछ ऐसा है जो OpenAI को पर्याप्त आत्मविश्वास देते हुए विश्व स्तर पर इसे अपनाने में मददगार रहा है.


स्वाभाविक रूप से, चैटबॉट की वृद्धि और लोकप्रियता ने माउंटेन व्यू में सीईओ सुंदर पिचाई के भी नींद उड़ा दी है, जाहिर तौर पर "कोड रेड" जारी कर रहे हैं और Google के AI प्रोजेक्ट्स में तेजी लाने में मदद करने के लिए लैरी पेज और सर्गेई ब्रिन को बुला रहे हैं.


न्यूयॉर्क टाइम्स ने हाल ही में बताया कि Google की योजना "इस वर्ष चैटबॉट सुविधाओं के साथ अपने सर्च इंजन का एक संस्करण प्रदर्शित करने" की है और चैटजीपीटी का मुकाबला करने के लिए 20 से अधिक AI प्रोजक्ट्स डेवलप कर रही है. आगामी Google I/O 2023 डेवलपर सम्मेलन के दौरान अधिक जानकारी सामने आने की उम्मीद है.


बुकहेट ने ट्विटर पर लिखा, "Google पूरी तरह से डिस्रप्टशन से केवल एक या दो वर्ष दूर है. AI सर्च इंजन पेज रिजल्ट को खत्म कर देगी, जिससे कंपनी अपना अधिकांश पैसा कमाती है. यहां तक ​​कि अगर कंपनी AI को अपनाती भी है, तो इसे पूरी तरह से तैनात नहीं कर सकती."

ChatGPT आपके लिए निबंध, यूट्यूब वीडियो की स्क्रिप्ट, कवर लेटर, बायोग्राफी, छुट्टी की एप्लीकेशन आदि लिख सकता है. इसे OpenAI स्टार्टअप द्वारा डेवलप किया गया है. यह आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (AI) पर काम करने वाला नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग टूल है.इसे सरल भाषा में कहें तो, यह एक ऐसा डीप मशीन लर्निंग बेस्ड चैट बॉट है, जो आपके द्वारा पूछे गए सवालों के लगभग सटीक उत्तर देता है. कंपनी का कहना है कि यह हमारे प्रश्नों का उत्तर दे सकता है, अपनी गलतियां मान सकता है. इसके अलावा यह अनुमान भी लगा सकता है कि उससे पूछा जाने वाला अगला सवाल क्या होगा? इतना ही नहीं GPT उन अनुरोधों को अस्वीकार भी कर सकता है, जो उसे सही नहीं लगते हैं.


लेकिन इसकी भी सीमाएं हैं. OpenAI ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया है कि ChatGPT कभी-कभी विश्वसनीय लगने वाले लेकिन गलत या निरर्थक उत्तर लिख सकता है. ऐसा लगता है कि 2021 के बाद हुई घटनाओं के बारे में इसे कम जानकारी है और गलत सूचनाओं और पूर्वाग्रहों से ग्रस्त हैं.


वहीं, यह भी कहा जा रहा है कि Google अब ChatGPT को टक्कर दे सकती है. हालांकि, कंपनी ने OpenAI के इस सफल प्रोडक्ट से पहले ही LaMDA और Flamingo जैसे संवाद के लिए अनुकूलित बड़े लैंग्वेज मॉडल दिखाए हैं. Meena नाम से, Google ने पहले ही एक चैटबॉट तैयार किया था, जो 2020 के अंत तक मनुष्यों के साथ विश्वसनीय बातचीत कर सकता था.


हालांकि, ChatGPT ने जितनी मुश्किलें आसान की हैं, उतनी ही कई सेक्टरों की चिंताएं बढ़ा दी हैं. ChatGPT ने लॉन्च के बाद से ही कविताओं, लघु कथाओं, निबंधों और यहां तक कि व्यक्तिगत सलाह को पेश कर 10 लाख से अधिक ह्यूमन यूजर्स को प्रभावित या चिंतित किया है.


दुनिया के सबसे बड़े अकेडमिक पब्लिशर, स्प्रिंगर नेचर ने कहा है कि ChatGPT जैसे एआई उपकरण पारदर्शी विज्ञान के लिए बड़ा खतरा है. इसमें कहा गया है कि ChatGPT जैसे सॉफ्टवेयर को पब्लिश्ड पेपर्स में एक लेखक के रूप में श्रेय नहीं दिया जा सकता.