AI रिसर्च स्टार्टअप Redrob को मिली $10 मिलियन की सीरीज A फंडिंग
AI रिसर्च स्टार्टअप Redrob ने Series A राउंड में $10 मिलियन जुटाए हैं. कंपनी 2026 तक सभी भारतीय छात्रों को फ्री LLM एक्सेस, मल्टी-लैंग्वेज सपोर्ट और एंटरप्राइज AI सूट देने की तैयारी कर रही है. Redrob का मिशन भारत में AI को सभी के लिए सुलभ बनाना है.
AI रिसर्च स्टार्टअप Redrob ने अपने सीरीज A फंडिंग राउंड में $10 मिलियन (₹88.7 करोड़) हासिल किए हैं. इस राउंड की अगुवाई Korea Investment Partners ने की है. इसके साथ KB Investment, Kiwoom Investment, Korea Development Bank Capital, Daekyo Investment और DS & Partners ने भी इसमें निवेश किया है. 2023 में हुए $4 मिलियन के सीड राउंड को मिलाकर अब तक Redrob ने कुल $14 मिलियन की फंडिंग जुटा ली है.
कंपनी जल्द ही कई बड़े प्रोजेक्ट शुरू करने वाली है. Redrob वर्ष 2026 की पहली तिमाही में सभी भारतीय यूनिवर्सिटीज को फ्री LLM (Large Language Model) एक्सेस देने जा रही है. इसके लिए कंपनी शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के साथ राष्ट्रीय स्तर पर छात्रों को AI एक्सेस देने के लिए बातचीत कर रही है. इसके साथ ही भारत के छोटे और मध्यम व्यवसाय (SMBs) और स्टार्टअप्स के लिए एंटरप्राइज सूट तैयार किया जा रहा है. 2026 के अंत तक सभी प्रमुख भारतीय भाषाओं में मल्टी लैंग्वेज सपोर्ट देने की भी योजना है. कंपनी अपने AI Suite में भी मजबूती ला रही है. इसका PeopleSearch इंजन भी खासा उपयोगी टूल बन चुका है.
नए फंडिंग के साथ Redrob अपनी मशीन लर्निंग (ML) टेक्नोलॉजी को और बेहतर बनाएगी ताकि लागत में पचास गुना तक कमी लाई जा सके. कंपनी भारत के लिए 22 भारतीय भाषाओं पर आधारित भाषा मॉडल तैयार कर रही है. साथ ही सीखने, करियर ग्रोथ और वर्कप्लेस प्रोडक्टिविटी के लिए एक पूरा AI सूट बनाने पर जोर है. इसका उद्देश्य छात्रों से लेकर एंटरप्राइज तक एक आसान और प्रभावी अनुभव देना है.
कार्तिकेय हांडा, Redrob के COO और हेड ऑफ इंडिया ऑपरेशंस, ने कहा कि उनका विज़न हर भारतीय छात्र को प्रीमियम AI टूल्स मुफ्त में उपलब्ध कराना है. उनका कहना है कि आज एडवांस्ड AI मॉडल इतने महंगे हैं कि भारत सहित कई देशों के लोग उन्हें उपयोग नहीं कर पाते. Redrob की नई टेक्नोलॉजी लागत को काफी कम कर देती है जिससे कंपनी उच्च गुणवत्ता वाली AI सेवाएं कम खर्च में दे सकती है.
उन्होंने आगे कहा कि पारंपरिक AI इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित और विकासशील देशों के बीच दूरी बढ़ाता है. Redrob इस अंतर को खत्म करना चाहता है. उनका मानना है कि अगली AI लहर मुंबई, दिल्ली, बैंगलोर और चेन्नई से उठेगी. कंपनी ऐसा AI इंफ्रास्ट्रक्चर बना रही है जिसे भारत की 1.4 अरब आबादी उपयोग कर सके.
Redrob का मिशन भारत के हर छात्र को फ्री और अनलिमिटेड LLM एक्सेस देना है. इसका मुख्य फोकस देश के 30 करोड़ छात्रों पर है जो इस प्लेटफॉर्म का मुफ्त में उपयोग कर सकेंगे. इसके साथ ही कंपनी पेशेवरों और एंटरप्राइज ग्राहकों को भी सेवा दे रही है. खासकर HR और Sales सेक्टर में इसकी मांग बढ़ रही है. कंपनी का मॉडल B2C (बिजनेस-टू-कंज्यूमर) से B2B (बिजनेस-टू-बिजनेस) की ओर बढ़ता है. इससे एंटरप्राइज ग्राहकों को जोड़ना आसान हो जाता है और कंपनी को बड़े पैमाने पर मार्केट तक पहुंच मिलती है.



