Mufin Green Finance को मिली 150 करोड़ रु की फंडिंग, EV क्रांति को मिलेगी रफ्तार!
Mufin Green Finance को $18 मिलियन (करीब 150 करोड़ रु) की फंडिंग मिली है. इस फंडिंग का उपयोग MSME सेक्टर के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों की फाइनेंसिंग और लीजिंग सॉल्यूशन्स को बढ़ाने में किया जाएगा.
भारत में इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) क्रांति को बढ़ावा देने के लिए एक और बड़ा कदम सामने आया है. देश की प्रमुख ग्रीन फाइनेंसिंग कंपनी Mufin Green Finance Limited ने अमेरिका स्थित एक संस्थान से $18 मिलियन (लगभग ₹150 करोड़) का कर्ज (debt funding) जुटाया है. यह दस साल की अवधि के लिए दिया गया लोन है, जिसमें से शुरुआती $10 मिलियन की राशि तुरंत जारी कर दी गई है, जबकि बाकी $8 मिलियन अगले 12 महीनों में मिलने की उम्मीद है.
इस फंडिंग का इस्तेमाल कंपनी मुख्य रूप से इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर, थ्री-व्हीलर और फोर-व्हीलर वाहनों की फाइनेंसिंग और लीजिंग सॉल्यूशन्स को बढ़ाने के लिए करेगी, जिससे खासतौर पर MSME (Micro, Small and Medium Enterprises) सेक्टर को फायदा मिलेगा. Dexter Capital ने इस फंडिंग डील में एक्सक्लूसिव एडवाइजर की भूमिका निभाई.
Mufin Green Finance पहले ही देशभर में ₹175 मिलियन से ज्यादा की फंडिंग वितरित कर चुकी है और वर्तमान में यह कंपनी $100 मिलियन के पोर्टफोलियो को 26 राज्यों में संभाल रही है. खास बात यह है कि कंपनी के 84% खुदरा ग्राहक ऐसे हैं जिन्होंने पहले कभी औपचारिक वित्तीय सहायता नहीं ली थी. इससे पता चलता है कि कंपनी असंगठित और ग्रामीण क्षेत्रों तक अपनी पहुंच बना रही है.
Mufin Green Finance के फाउंडर और मैनेजिंग डायरेक्टर कपिल गर्ग ने कहा, “यह फंडिंग हमारे लिए एक बड़ा मील का पत्थर है. यह हमारे मिशन से पूरी तरह मेल खाती है—EV फाइनेंसिंग को MSME सेक्टर तक ले जाना. जैसे-जैसे छोटे शहरों (टियर-2 और टियर-3 शहरों) में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की मांग बढ़ेगी, वैसे-वैसे सुलभ फाइनेंसिंग की आवश्यकता भी बढ़ेगी. हमारा उद्देश्य छोटे कारोबारियों, ड्राइवरों और फ्लीट ओनर्स को वह आर्थिक सहायता देना है, जिसकी उन्हें जरूरत है.”
यह फंडिंग न सिर्फ पर्यावरणीय स्थिरता को बढ़ावा देगी, बल्कि छोटे व्यापारियों और बेरोजगार युवाओं के लिए आय सृजन का भी साधन बनेगी, जिससे वे इलेक्ट्रिक वाहन खरीद सकेंगे और अपने कारोबार को आगे बढ़ा सकेंगे.
Mufin Green Finance की स्थापना 2016 में हुई थी. यह Hindon Mercantile Limited की सहायक कंपनी है और भारत की पहली लिस्टेड EV फाइनेंसिंग NBFC (non-banking financial company) है. यह कंपनी इलेक्ट्रिक व्हीकल, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और बैटरी स्वैपिंग के लिए वित्तीय सहायता मुहैया करती है. Mufin की भारत के 14 राज्यों और 150 से अधिक शहरों में उपस्थिति है. अब तक कंपनी ₹350 करोड़ से अधिक की फंडिंग EV सेक्टर में दे चुकी है. कंपनी का फोकस वित्तीय समावेशन और पर्यावरणीय स्थिरता को बढ़ावा देने पर है.
इस नए फंडिंग राउंड के साथ, Mufin Green Finance भारत में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को सस्ता, सुलभ और समावेशी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठा रही है.



