राजस्थान में लगेंगे 80 मोबाइल हेल्थ कैंप, हजारों ग्रामीणों को मिलेगा इलाज
कैंप में ब्लड चेकअप और दूसरी जांचें की जाएंगी. जांच के बाद डॉक्टर मरीजों को सलाह देंगे और ज़रूरत पड़ने पर दवाइयाँ भी दी जाएँगी. इसके अलावा रिपोर्ट आने के बाद मरीजों को ऑनलाइन डॉक्टर से भी जोड़ा जाएगा. इससे कोई भी केस अधूरा नहीं रहेगा और मरीजों को पूरा इलाज मिल सकेगा.
ग्रामीण इलाकों तक सस्ती और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएँ पहुँचाने की दिशा में Truhome Finance, Utthaan NGO और DocOnline ने मिलकर एक नई पहल शुरू की है. इस पहल का नाम है “स्क्रीनिंग द अनस्क्रीनड”. इसके तहत राजस्थान के कई जिलों में 80 मोबाइल हेल्थ कैंप लगाए जाएंगे. इन कैंपों से हजारों ग्रामीणों को फायदा मिलेगा, जिन्हें अब तक बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाएँ नहीं मिल पाती थीं.
Truhome Finance देश की अग्रणी किफायती हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों में से एक है. कंपनी का एयूएम 19,500 करोड़ रुपये से ज्यादा है. देशभर के 16 राज्यों में इसकी 180 से अधिक शाखाएँ और 4,500 से ज्यादा कर्मचारी हैं. Truhome उन लोगों को घर का लोन देती है जिन्हें सामान्य बैंकिंग सिस्टम से लोन लेने में दिक्कत होती है. खासकर छोटे व्यापारी, स्वरोज़गार वाले लोग और नकद वेतन पाने वाले कर्मचारी.
अब Truhome Finance स्वास्थ्य सेवाओं को गाँव-गाँव तक ले जाने में भी अहम भूमिका निभा रही है.
इस कार्यक्रम में विशेष मोबाइल स्क्रीनिंग वैन लगाई जाएगी. हर वैन में 5 सदस्यीय मेडिकल टीम होगी. इसमें 2 फ्लेबोटोमिस्ट, 1 डॉक्टर, 1 एएनएम और 1 फार्मासिस्ट शामिल होंगे.
कैंप में ब्लड चेकअप और दूसरी जांचें की जाएंगी. जांच के बाद डॉक्टर मरीजों को सलाह देंगे और ज़रूरत पड़ने पर दवाइयाँ भी दी जाएँगी. इसके अलावा रिपोर्ट आने के बाद मरीजों को ऑनलाइन डॉक्टर से भी जोड़ा जाएगा. इससे कोई भी केस अधूरा नहीं रहेगा और मरीजों को पूरा इलाज मिल सकेगा.
यह मॉडल ग्रामीणों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगा क्योंकि इसमें व्यक्तिगत और डिजिटल दोनों तरह की सेवाएँ मिलेंगी. इससे बीमारियों का समय पर पता लगेगा और सही इलाज भी मिल सकेगा.
Truhome Finance के प्रेसिडेंट अमित भाटिया ने कहा, “जैसे फाइनेंस तक पहुँचना जरूरी है, वैसे ही हेल्थकेयर तक पहुँचना भी जरूरी है. इस पहल से ग्रामीणों को शुरुआती स्तर पर इलाज मिलेगा और उनकी ज़िंदगी बेहतर होगी.”
DocOnline के चीफ कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर अनुप तिवारी ने कहा, “यह कार्यक्रम सुनिश्चित करेगा कि कोई भी ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित न रहे. ऑन-ग्राउंड स्क्रीनिंग और डिजिटल फॉलो-अप से मरीजों को पूरा इलाज मिलेगा.”
Utthaan NGO के सचिव रजनीश जैन ने कहा, “हम वंचित समुदायों को सशक्त बनाने के लिए काम करते हैं. स्वास्थ्य सेवाएँ इस दिशा में बहुत अहम कदम हैं. इस साझेदारी से हम न सिर्फ तुरंत स्वास्थ्य जरूरतें पूरी करेंगे बल्कि लंबी अवधि की भलाई भी सुनिश्चित करेंगे.”
यह पहल सीधे तौर पर संयुक्त राष्ट्र के कई सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) में योगदान देगी, जैसे—अच्छा स्वास्थ्य और कल्याण (SDG 3), असमानताओं में कमी (SDG 10), और लक्ष्यों के लिए साझेदारी (SDG 17) आदि.
Edited by Ravi Pareek



