Bihar Idea Festival: 25,000 बिजनेस आइडिया बनाएंगे बिहार को स्टार्टअप हब
बिहार आइडिया फेस्टिवल 2025 का पटना में भव्य समापन हुआ. 38 जिलों से 25,000 स्टार्टअप आइडियाज़ मिले. BIIPP 2025, वन ब्लॉक वन प्रोडक्ट (OBOP) और नए औद्योगिक पार्कों के साथ बिहार अब निवेश और उद्यमिता का नया हब बनने की ओर अग्रसर है.
बिहार आइडिया फेस्टिवल (Bihar Idea Festival), जो दो महीने पहले YourStory ने बिहार उद्योग विभाग और CIMP के साथ मिलकर शुरू किया था, इस हफ्ते पटना के बापू सभागार में अपने भव्य समापन पर पहुँचा. इस आयोजन में केंद्र और राज्य सरकार के मंत्रियों, वरिष्ठ अधिकारियों, उद्यमियों और उद्योग जगत के नेताओं ने हिस्सा लिया. यह बिहार का अब तक का सबसे बड़ा और समावेशी स्टार्टअप मिशन रहा, जिसमें राज्य के सभी 38 ज़िलों से 25,000 से ज़्यादा बिज़नेस आइडिया मिले.
फेस्टिवल के समापन पर बिहार इंडस्ट्रियल इन्वेस्टमेंट प्रमोशन पैकेज (BIIPP) 2025, वन ब्लॉक वन प्रोडक्ट (OBOP) पहल और एपीडा (APEDA) के क्षेत्रीय कार्यालय का पटना में शुभारंभ भी हुआ. यह बिहार को उद्यमिता, निवेश और निर्यात का हब बनाने की ऐतिहासिक शुरुआत है.
केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री, भारत सरकार, श्री पीयूष गोयल ने बिहार की नई नीतियों की तारीफ की. उन्होंने कहा, “मैंने BIIPP 2025 का विवरण देखा है. शायद आज देश में किसी भी राज्य में इतना उदार पैकेज उपलब्ध नहीं है. मुफ्त ज़मीन, 300 प्रतिशत SGST रिइम्बर्समेंट और स्टार्टअप्स को सहयोग जैसी सुविधाओं के साथ बिहार न सिर्फ विकास के लिए तैयार है, बल्कि परिवर्तनकारी बदलाव के लिए तैयार है.”
श्री गोयल ने यह भी घोषणा की कि केंद्र सरकार जल्द ही बिहार में 4 नए इंडस्ट्रियल पार्क को मंजूरी देगी. इसके अलावा गया में 3,000 एकड़ का औद्योगिक टाउनशिप भी विकसित किया जाएगा. उन्होंने कहा कि यह संतुलित क्षेत्रीय विकास की दिशा में बड़ा कदम होगा. साथ ही उन्होंने बिहार आइडिया फेस्टिवल के शीर्ष 5 विजेताओं को बधाई दी और कहा कि 25,000 सभी आइडियाज़ को समर्थन और प्रोत्साहन मिलना चाहिए.
बिहार के उपमुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने राज्य की बदली हुई आर्थिक तस्वीर पर जोर दिया. उन्होंने कहा, “हमने एक ऐसा बिहार देखा है, जहाँ बंटवारे के समय बजट केवल 6,000 करोड़ रुपये था. आज मैंने 37,000 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तुत किया. यह बदला हुआ बिहार है, जहाँ लाखों लोगों को उद्योगों के ज़रिए नौकरी मिलेगी.”
उन्होंने केंद्र सरकार से अनुरोध किया कि बिहार की 14 करोड़ आबादी की ज़रूरत को पूरा करने के लिए 4-5 और औद्योगिक कॉरिडोर स्वीकृत किए जाएँ.
उद्योग विभाग, बिहार सरकार के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री एम. कुमार सिंह ने BIIPP 2025 की विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने बताया कि रोजगार देने वाले उद्योगों को 25 एकड़ तक मुफ्त ज़मीन मिलेगी. अन्य उद्योगों के लिए BIADA ज़मीन दरों पर 50% छूट मिलेगी. SGST रिइम्बर्समेंट 300% तक दिया जाएगा. कैपिटल सब्सिडी और 40 करोड़ रुपये तक ब्याज सबवेंशन भी मिलेगा. इसके अलावा रोजगार प्रोत्साहन, निर्यात बढ़ावा और हरित पहल जैसे नवीकरणीय ऊर्जा और जीरो लिक्विड डिस्चार्ज यूनिट्स को भी प्रोत्साहन दिया जाएगा.
इसी के साथ राज्य ने वन ब्लॉक वन प्रोडक्ट (OBOP) पहल भी शुरू की. यह योजना बिहार के सभी 534 ब्लॉकों तक फैलाई जाएगी. भागलपुर की सिल्क, मुज़फ्फरपुर की शाही लीची, दरभंगा का मखाना और मधुबनी पेंटिंग्स जैसे उत्पादों को अब राज्य द्वारा ब्रांडिंग, पैकेजिंग, सर्टिफिकेशन और बाज़ार उपलब्ध कराने में सहयोग मिलेगा.
मुख्यमंत्री उद्यमी योजना और बिहार सूक्ष्म उद्यमी योजना को भी प्रस्तुत किया गया. अब तक 43,500 से अधिक उद्यमियों को इसका लाभ मिला है. इनमें से कई ने अपने कारोबार को 1 करोड़ रुपये से ज़्यादा के टर्नओवर तक बढ़ाया है.
YourStory की फाउंडर और सीईओ, श्रद्धा शर्मा ने राज्यव्यापी पहल की सफलता पर खुशी जताई. उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य था 10,000 आइडियाज़ इकट्ठा करना. लेकिन बिहार के युवाओं ने हमें 25,000 दिए. ये आइडियाज़ सभी जिलों से आए, यहाँ तक कि 9वीं और 10वीं कक्षा के स्कूली बच्चों से भी. यह बिहार की छुपी हुई उद्यमशीलता की ताकत को दिखाता है.”
टॉप 5 विजेता आइडियाज़ में AI-समर्थित लीगल सिस्टम, वेस्ट मैनेजमेंट समाधान, धूम्ररहित गैस इनोवेशन, ड्रोन टेक्नोलॉजी और पोर्टेबल वेस्टवॉटर ट्रीटमेंट सिस्टम शामिल रहे.
बिहार के उद्योग मंत्री श्री नीतीश मिश्रा ने कहा, “स्पेशल इकोनॉमिक ज़ोन (SEZ) से लेकर OBOP और स्टार्टअप फंडिंग तक, बिहार एक संपूर्ण इकोसिस्टम बना रहा है. नए औद्योगिक कॉरिडोर, भूमि बैंक और समावेशी योजनाओं के साथ हमारे युवा अब सिर्फ सरकारी नौकरी के पीछे नहीं दौड़ेंगे, बल्कि ऐसे उद्यम खड़े करेंगे जो बिहार की विकास यात्रा को गति देंगे.”
औद्योगिक पार्क, निर्यात प्रोत्साहन और बड़े पैमाने पर स्टार्टअप समर्थन की घोषणाओं के साथ, बिहार आइडिया फेस्टिवल ने राज्य को उभरते हुए उद्यमशीलता केंद्र के रूप में स्थापित किया है.
जैसा कि केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा, “पूर्वी भारत का विकास, विकसित भारत के लिए अनिवार्य है, और बिहार इस राह में अग्रणी भूमिका निभा रहा है.”



