Galo Solar: कैसे 18 साल के जय ने खड़ी की कंपनी? बिजली का बिल किया ज़ीरो
दिल्ली के रहने वाले 18 साल के जय ने ठान लिया कि अब बिजली का बिल लोगों के लिए बोझ नहीं रहेगा. सूरज की किरणों को औज़ार बनाकर उन्होंने खड़ा किया Galo Solar — एक ऐसा मिशन जो घर-घर मुफ्त और साफ़ बिजली पहुंचा रहा है. यह कहानी सिर्फ बिज़नेस की नहीं, भरोसे और उम्मीद की है.
“कभी सोचा है, आपकी छत रोज़ आपके लिए पैसे कमा सकती है?”
दिल्ली की धूप में खड़े 18 साल के जय के चेहरे पर हल्की मुस्कान थी. उनकी आंखों में एक चमक थी, जो किसी भी साधारण बिज़नेसमैन की नहीं, बल्कि एक सपने देखने वाले की थी.
उन्होंने अपने सामने खड़े उस घर की छत की ओर इशारा किया—“देखिए, अब यहां से हर दिन सूरज की रोशनी बिजली बनकर उतरेगी.”
जय को क्लीन एनर्जी (स्वच्छ ऊर्जा) सेक्टर में तगड़ी दिलचस्पी रही है. उन्होंने B2B (बिजनेस-टू-बिजनेस) प्रदर्शनियों, मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स और रिन्यूएबल एनर्जी साइट्स का दौरा किया है. इन अनुभवों ने उन्हें सौर ऊर्जा क्षेत्र में बदलाव लाने का लक्ष्य दिया. वर्तमान में वे दिल्ली टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी (पूर्व में दिल्ली कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग) से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बी.टेक कर रहे हैं और पढ़ाई के साथ-साथ Galo Solar के CEO के रूप में काम कर रहे हैं. उनकी कंपनी का मकसद भारत के लाखों घरों में सौर ऊर्जा को अपनाना है.
शुरुआत
कहानी की शुरुआत तब हुई, जब जय ने देखा कि हमारे देश में बिजली की पहुंच और कीमत में असमानता है. कहीं 24 घंटे बिजली, तो कहीं रोज़ाना कटौती. साथ ही जलवायु परिवर्तन का बढ़ता खतरा भी सामने था.
“सूरज तो सबके लिए है, फिर बिजली क्यों नहीं?”— यह सवाल उन्हें बार-बार परेशान करता था.
यहीं से जन्म हुआ Galo Solar का—एक ऐसा ब्रांड, जो सस्ती, भरोसेमंद और आसान सोलर सॉल्यूशन दे सके. सोलर पैनल, इन्वर्टर, डिस्ट्रीब्यूशन बॉक्स—हर चीज़ Galo खुद बनाता है. इससे गुणवत्ता एक जैसी रहती है, सर्विस तेज़ मिलती है, और ग्राहक को कई विक्रेताओं के चक्कर नहीं काटने पड़ते.
YourStory हिंदी से बात करते हुए Galo Solar के CEO जय कहते हैं, “हम सिर्फ प्रोडक्ट नहीं बेचते, हम ग्राहकों के साथ लंबा रिश्ता बनाते हैं.”
जय आगे बताते हैं, “जब हमने Galo Solar की शुरुआत की, तो सबसे बड़ी चुनौती थी लोगों की सोच बदलना. कई लोग कहते—'बहुत महंगा है’, ‘काम नहीं करेगा’, ‘किस पर भरोसा करें?’हमने इन्हें धैर्य से जवाब दिया—सरल भाषा में समझाया, सही सिस्टम चुनने में मदद की, और इंस्टॉलेशन से लेकर मेंटेनेंस तक हर कदम पर साथ खड़े रहे.”
टेक्नोलॉजी का जादू
कंपनी का मानना है कि तकनीक और डेटा इनके ऑपरेशन की रीढ़ हैं. Galo Solar के पैनल स्मार्ट मॉनिटरिंग सिस्टम से लैस हैं, जिससे ग्राहक मोबाइल ऐप पर रीयल-टाइम डेटा देख सकते हैं. यानि कि आज आपने कितनी बिजली बनाई और कितनी बचत हुई. यह पारदर्शिता ग्राहकों को भरोसा देती है—“हम अपने सूरज के मालिक हैं.” यह उन्हें ऊर्जा आत्मनिर्भर बनाता है.
नई दिल्ली स्थित Galo Solar में ग्राहक की यात्रा एक कॉल से शुरू होती है. टीम उनकी ज़रूरत, बजट और लोकेशन समझती है. फिर साइट विज़िट होती है, और उसके बाद डिज़ाइन तैयार किया जाता है. सरकारी सब्सिडी और फाइनेंसिंग विकल्पों में भी मदद की जाती है. इंजीनियर सुरक्षित और तेज़ इंस्टॉलेशन करते हैं, और बाद में नियमित मेंटेनेंस भी. इससे ग्राहक न सिर्फ सोलर अपनाते हैं, बल्कि लंबे समय तक बिना चिंता के इसका लाभ लेते हैं.
PM सूर्य घर योजना: सुनहरा अवसर
जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने PM सूर्य घर योजना शुरू की, तो यह Galo Solar के लिए एक सुनहरा अवसर साबित हुआ. इस योजना के तहत कई घरों को मुफ्त सोलर इंस्टॉलेशन और 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली का लाभ मिल रहा है.
जय बताते हैं, “यह योजना सिर्फ स्कीम नहीं, बल्कि एक सामाजिक बदलाव है. इससे छोटे शहरों और गांवों में भी सोलर अपनाने की रफ़्तार तेज़ होगी.”

Galo Solar की टीम
फंडिंग और रेवेन्यू
जय ने शुरुआत में अपनी निजी पूंजी से कंपनी खड़ी की. लेकिन उनका मानना है कि असली निवेश सिर्फ पैसा नहीं, बल्कि भरोसा, विज़न और ईमानदारी है. वे हर प्रोजेक्ट, हर रणनीति में खुद शामिल होते हैं और कंपनी को अपनी पहचान मानते हैं.
कंपनी की आमदनी सोलर सिस्टम की बिक्री और इंस्टॉलेशन से आती है, साथ ही मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट से भी. सरकारी योजनाओं और बढ़ते शहरों में मांग के कारण इस साल राजस्व में तेज़ वृद्धि की उम्मीद है.
विस्तार और भविष्य की योजनाएं
अगले 3-5 सालों में भारत का रूफटॉप सोलर मार्केट कई गुना बढ़ने वाला है. ऐसे में Galo Solar का लक्ष्य है—हर भारतीय घर को साफ़ ऊर्जा से जोड़ना और लाखों लोगों को बिजली के खर्च से मुक्त करना. कंपनी टेक्नोलॉजी, सर्विस और लोकल रोजगार पर फोकस कर रही है, ताकि विकास का फायदा हर जगह पहुंचे.
Galo Solar अब देशभर में अपने पांव पसार रहा है. दिल्ली, लखनऊ, आगरा, जयपुर, जोधपुर, नागपुर से लेकर बेंगलुरु और भुवनेश्वर तक, 24 नए शहरों में यह सेवा उपलब्ध है. कंपनी का लक्ष्य है कि स्वच्छ ऊर्जा हर घर तक पहुंचे.
जय का मानना है कि क्लीन एनर्जी सिर्फ बिज़नेस नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए ज़िम्मेदारी है.
वे कहते हैं, “धैर्य, ईमानदारी और लगातार सीखते रहने की भावना से ही इस सेक्टर में सफलता मिलती है. टेक्नोलॉजी का सही इस्तेमाल करें, भरोसा बनाए रखें, और हमेशा लंबे समय का सोचें.”




