एथनिक वियर ब्रांड House of Chikankari को मिली 25 करोड़ रु की सीरीज A फंडिंग
House of Chikankari ने सीरीज A राउंड में 25 करोड़ रु की फंडिंग हासिल की है. साल 2020 में मां-बेटी की जोड़ी पूनम और आकृति रावल ने इस ब्रांड की शुरुआत की थी. 2023 में Shark Tank India से मिली पहचान के बाद अब कंपनी तेज ग्रोथ और ऑफलाइन विस्तार पर फोकस कर रही है.
एथनिक वियर ब्रांड ने अपने सीरीज A फंडिंग राउंड में ₹25 करोड़ जुटाए हैं. इस राउंड की अगुवाई Cap Alpha Ventures ने की, जिसे पहले Client Associates Alternate Fund (CAAF) के नाम से जाना जाता था. यह निवेश कंपनी के विस्तार की दिशा में अहम माना जा रहा है.
ताजा फंडिंग का इस्तेमाल कई अहम क्षेत्रों में किया जाएगा. कंपनी अपने प्रोडक्ट पोर्टफोलियो को बढ़ाएगी. ऑफलाइन रिटेल में भी एंट्री की तैयारी है. इसके साथ ही टीम का विस्तार और मार्केटिंग पर भी ध्यान दिया जाएगा. कंपनी अपने इंटरनेशनल ग्राहकों के बीच भी मजबूत पकड़ बनाना चाहती है.
साल 2020 में मां-बेटी की जोड़ी पूनम और आकृति रावल ने House of Chikankari ब्रांड की शुरुआत की थी. उनका मकसद था कि पारंपरिक चिकनकारी को आज के ग्राहकों के लिए नया रूप दिया जाए. वे इसे सिर्फ खास मौकों तक सीमित नहीं रखना चाहती थीं. उन्होंने इसे रोजमर्रा के पहनावे का हिस्सा बनाने की कोशिश की.
शुरुआती दौर में ब्रांड को पहचान तब मिली जब साल 2023 में पूनम और आकृति रावल ने टीवी शो Shark Tank India के सीजन 2 में पिच किया. वहां चार में से तीन शार्क्स ने उन्हें निवेश का ऑफर दिया. आखिर में उन्होंने पीयूष बंसल और अमन गुप्ता का ऑफर चुना. इस डील के तहत उन्हें ₹75 लाख की फंडिंग मिली और बदले में 3.75 प्रतिशत इक्विटी दी गई. उस समय कंपनी की वैल्यूएशन ₹20 करोड़ आंकी गई.

कंपनी ने कम समय में अच्छी ग्रोथ दिखाई है. वित्त वर्ष 26 में इसकी ग्रोथ रेट 50 प्रतिशत से ज्यादा रही. फिलहाल कंपनी का सालाना रेवेन्यू रन रेट ₹50 करोड़ के आसपास है. अब तक यह ब्रांड 2 लाख से ज्यादा ग्राहकों तक पहुंच चुका है.
House of Chikankari का दायरा भारत तक सीमित नहीं है. कंपनी अपने प्रोडक्ट 20 से ज्यादा देशों में भेज रही है. इसमें अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और यूनाइटेड किंगडम जैसे बड़े बाजार शामिल हैं. इसकी ज्यादातर कमाई अपने डिजिटल प्लेटफॉर्म से आती है. हर महीने वेबसाइट और ऐप पर करीब 9 लाख यूजर विजिट करते हैं.
इस ब्रांड की एक खास बात इसका मजबूत कारीगर नेटवर्क है. कंपनी देशभर में 10 हजार से ज्यादा महिला कारीगरों के साथ काम करती है. इससे न सिर्फ रोजगार के मौके बनते हैं बल्कि पारंपरिक कला को भी नई पहचान मिलती है.
इस मौके पर House of Chikankari की फाउंडर आकृति रावल ने कहा कि यह निवेश उनके लिए एक महत्वपूर्ण कदम है. उनका फोकस रहेगा कि भारतीय कारीगरी को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाया जाए. साथ ही प्रोडक्ट और टीम में लगातार निवेश किया जाएगा.
Cap Alpha Ventures के प्रिंसिपल रिषभ कांत का मानना है कि House of Chikankari ने मजबूत बिजनेस मॉडल बनाया है. कंपनी की यूनिट इकॉनॉमिक्स अच्छी है और इसे अपने ग्राहकों की समझ है. उनके मुताबिक यह ब्रांड आगे और तेजी से बढ़ सकता है.
House of Chikankari आने वाले दो साल में कई गुना ग्रोथ का लक्ष्य लेकर चल रहा है. इसके लिए कंपनी प्रोडक्ट इनोवेशन और नए चैनलों पर फोकस करेगी. साथ ही ब्रांड को मजबूत बनाने की दिशा में काम जारी रहेगा.
ब्रांड ने अपनी पहचान को मजबूत करने के लिए कई पब्लिक फिगर्स के साथ भी काम किया है. इसमें सोहा अली खान, करिश्मा कपूर और सोनाक्षी सिन्हा जैसे नाम शामिल हैं. इससे इसकी पहुंच और भरोसा दोनों बढ़े हैं.
आज House of Chikankari एक ऐसे मुकाम पर खड़ा है जहां परंपरा और आधुनिकता साथ चल रही है. कंपनी का फोकस सिर्फ कारोबार बढ़ाना नहीं है. यह कारीगरों के जीवन में भी लंबे समय तक सकारात्मक बदलाव लाने की कोशिश कर रही है.




