IndiaAI Mission: भारत के ये 10 AI स्टार्टअप्स अब पेरिस में दिखाएंगे दम
IndiaAI Mission ने 10 भारतीय AI स्टार्टअप्स को ग्लोबल एक्सेलरेशन प्रोग्राम के लिए चुना है. ये स्टार्टअप्स हेल्थ, क्लाइमेट, एजुकेशन और स्पेस टेक जैसे सेक्टर में काम कर रहे हैं और पेरिस में ट्रेनिंग लेकर वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बनाएंगे.
भारत तेजी से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की दुनिया में अपनी पहचान बना रहा है. इसी दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया गया है. IndiaAI Mission ने 10 भारतीय AI स्टार्टअप्स को अपने ग्लोबल एक्सेलरेशन प्रोग्राम के दूसरे कोहोर्ट के लिए चुना है. यह पहल इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के तहत चल रही है.
यह प्रोग्राम सिर्फ भारत तक सीमित नहीं है. इसे पेरिस स्थित दुनिया के सबसे बड़े स्टार्टअप कैंपस Station F और यूरोप के प्रतिष्ठित बिजनेस स्कूल HEC Paris के साथ मिलकर तैयार किया गया है. इसका मकसद भारतीय स्टार्टअप्स को ग्लोबल स्तर पर पहचान दिलाना है.
इस प्रोग्राम में चुने गए स्टार्टअप्स हेल्थ टेक, क्लाइमेट टेक, एडटेक, सैटेलाइट इंटेलिजेंस और कॉग्निटिव AI जैसे क्षेत्रों में काम कर रहे हैं. यह दिखाता है कि भारत का AI इकोसिस्टम अब सिर्फ एक सेक्टर तक सीमित नहीं है, बल्कि हर दिशा में तेजी से बढ़ रहा है.
इस बार जिन 10 स्टार्टअप्स का चयन हुआ है, वे अपनी अलग सोच और इनोवेशन के लिए जाने जाते हैं.
1. AI Health Highway एक स्मार्ट स्टेथोस्कोप बना रहा है जो दिल और सांस से जुड़ी बीमारियों का जल्दी पता लगा सकता है.
2. Awiros बड़े स्तर पर विजन AI के जरिए ऑटोमेशन को आसान बना रहा है.
3. Cognecto इंफ्रास्ट्रक्चर को समझने और बेहतर बनाने के लिए AI का इस्तेमाल कर रहा है.
4. Flaunt फैशन और ब्यूटी इंडस्ट्री में AI एजेंट्स के जरिए ट्रेंड्स और वीडियो मार्केटिंग को नया रूप दे रहा है.
5. GreenFi.ai ESG यानी पर्यावरण और सामाजिक मानकों के लिए रिस्क मैनेजमेंट सॉल्यूशन बना रहा है.
6. Infiheal Healthtech मानसिक स्वास्थ्य के लिए एक मल्टीलिंगुअल AI साथी तैयार कर रहा है.
7. InLustro Learning नौकरी से पहले स्किल्स की असली जांच करने के लिए AI-समर्थित सिमुलेशन प्लेटफॉर्म दे रहा है.
8. PredCo मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में कंप्लायंस को आसान बना रहा है.
9. SkyServe धरती और अंतरिक्ष की निगरानी के लिए AI इंफ्रास्ट्रक्चर बना रहा है.
10. TestAIng Solutions AI सिस्टम्स की क्वालिटी और भरोसे को मजबूत करने पर काम कर रहा है.
इन सभी स्टार्टअप्स का चयन कई चरणों की कड़ी प्रक्रिया के बाद किया गया है. अब इन्हें एक खास ट्रेनिंग दी जाएगी. पहले तीन हफ्ते ऑनलाइन तैयारी होगी. इसके बाद तीन महीने के लिए पेरिस में रहकर ये स्टार्टअप्स ग्लोबल मार्केट को समझेंगे.
इस दौरान उन्हें इंटरनेशनल मेंटर्स, निवेशकों और इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स से मिलने का मौका मिलेगा. इससे उन्हें अपने प्रोडक्ट को बेहतर बनाने और दुनिया के अलग अलग बाजारों में प्रवेश करने में मदद मिलेगी.
यह पहल भारत की नेशनल AI स्ट्रैटेजी के साथ जुड़ी हुई है. इसका मकसद सिर्फ टेक्नोलॉजी बनाना नहीं है, बल्कि भारत को जिम्मेदार और भरोसेमंद AI लीडर बनाना है. सरकार चाहती है कि भारतीय स्टार्टअप्स दुनिया के बड़े खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा करें और नए मानक स्थापित करें.
यह प्रोग्राम इस बात का संकेत है कि भारत अब सिर्फ AI यूजर नहीं, बल्कि AI क्रिएटर बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है. आने वाले समय में ये स्टार्टअप्स भारत का नाम ग्लोबल टेक मैप पर और मजबूत कर सकते हैं.



