9 मई का इतिहास: युद्ध के अंत से लेकर एकता की शुरुआत तक की 5 बड़ी घटनाएं
जानिए 9 मई को घटित हुईं प्रमुख ऐतिहासिक घटनाएं – WWII का अंत, यूरोपीय संघ की नींव और कोलंबस की अंतिम यात्रा. आज का दिन क्यों खास है?
हर तारीख अपने भीतर इतिहास के अनमोल पलों को समेटे होती है. 9 मई का दिन भी इतिहास के पन्नों में कई अहम घटनाओं के लिए दर्ज है – युद्ध की समाप्ति से लेकर महान हस्तियों के जन्म तक. आइए, जानते हैं 9 मई (May 9 History) से जुड़ी कुछ खास ऐतिहासिक घटनाएं, जिन्होंने समय की धारा को मोड़ा.
9 मई: इतिहास में दर्ज 5 बड़ी घटनाएं
1. 1945 – यूरोप में द्वितीय विश्व युद्ध का अंत
दुनिया के सबसे भयावह युद्धों में से एक, द्वितीय विश्व युद्ध का यूरोप में आज ही के दिन औपचारिक अंत हुआ था. इसे "Victory Day in Europe (VE Day)" कहा जाता है. जर्मनी ने बिना शर्त आत्मसमर्पण कर दिया, जिससे यूरोप में छह साल तक चला विनाशकारी युद्ध समाप्त हुआ.
2. 1950 – यूरोपीय संघ की नींव रखने वाली 'शुमैन डिक्लेरेशन'
फ्रांस के विदेश मंत्री रॉबर्ट शुमैन ने 9 मई 1950 को एक ऐतिहासिक घोषणा की, जिसे शुमैन डिक्लेरेशन कहा जाता है. इसमें यूरोप के देशों को आर्थिक रूप से एकजुट करने का विचार रखा गया, जो आगे चलकर यूरोपीय संघ (EU) की आधारशिला बना. इसलिए आज के दिन को Europe Day के रूप में मनाया जाता है.
3. 1502 – कोलंबस की अंतिम समुद्री यात्रा
प्रसिद्ध खोजकर्ता क्रिस्टोफर कोलंबस (Christopher Columbus) ने 9 मई 1502 को अपनी चौथी और अंतिम यात्रा शुरू की थी. इस यात्रा का उद्देश्य एशिया के लिए समुद्री मार्ग खोजना था, लेकिन वह फिर से अमेरिका के ही कुछ हिस्सों तक पहुंच सके.
4. 2004 – रूस की राजधानी में आतंकी हमला
9 मई 2004 को रूस के ग्रोज़नी शहर में विक्टरी डे परेड के दौरान एक आत्मघाती हमले में कई लोगों की जान चली गई. यह हमला उस दिन हुआ जब रूस द्वितीय विश्व युद्ध की जीत की 59वीं वर्षगांठ मना रहा था.
5. 2010 – भारत की वंदना शिवा को सिडनी शांति पुरस्कार के लिए चुना गया
भारत की वंदना शिवा को 9 मई 2010 के दिन विकासशील देशों में महिला सशक्तिकरण और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सहयोग देने के लिए वर्ष 2010 के सिडनी शांति पुरस्कार के लिए चुना गया.
9 मई को जन्मे प्रमुख व्यक्ति
1540 – महाराणा प्रताप, उदयपुर, मेवाड़ में शिशोदिया राजवंश के राजा
1661 – जहाँदारशाह - बहादुरशाह प्रथम के चार पुत्रों में से एक था
1866 – गोपाल कृष्ण गोखले, स्वतंत्रता सेनानी, समाजसेवी, विचारक एवं सुधारक थे
1836 – फ़र्डिनांड मोनोयेर, प्रसिद्ध फ़्राँसीसी नेत्र रोग विशेषज्ञ थे
1920 – रिचर्ड एडम्स, मशहूर ब्रिटिश लेखक, जिन्होंने Watership Down जैसी विश्वप्रसिद्ध पुस्तक लिखी
1935 – स्नेहमयी चौधरी, प्रसिद्ध हिन्दी कवयित्री
1949 – बिली जोएल, अमेरिकी गायक, पियानोवादक और गीतकार, जिन्हें "Piano Man" के नाम से जाना जाता है
9 मई को जिन हस्तियों ने कहा अलविदा
जॉन साइमस (1829) – अमेरिकी नौसैनिक अधिकारी जिन्होंने आर्कटिक खोज अभियानों में भाग लिया
दांते गेब्रिएल रोसेटी (1882) – प्रसिद्ध अंग्रेजी कवि, चित्रकार और प्री-राफेलाइट आंदोलन के सह-संस्थापक
तेनजिंग नोर्गे (1986) – पर्वतारोही, जिन्होंने दुनिया की सबसे ऊंची पर्वत चोटी माउंट एवरेस्ट पर चढ़ाई की थी
तलत महमूद (1998) – प्रसिद्ध भारतीय गजल गायक और अभिनेता
करमशी जेठाभाई सोमैया (1999) – भारतीय शिक्षाविद, जिन्होंने भारत के महाराष्ट्र राज्य में शैक्षणिक संस्थानों की स्थापना की थी
एन. जनार्दन रेड्डी (2014) – भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के राजनीतिज्ञ एवं आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री
9 मई को क्यों याद रखा जाए?
9 मई सिर्फ एक तारीख नहीं, बल्कि शांति, एकता और मानव इतिहास की महत्वपूर्ण घटनाओं की प्रतीक है. जहां एक ओर इस दिन एक भयंकर युद्ध समाप्त हुआ, वहीं दूसरी ओर वैश्विक एकता की नींव भी रखी गई.



