संगीत के जुनून से जसकरण को मिली दोहरी सफलता

    By Pooja Goel
    April 06, 2015, Updated on : Thu Sep 05 2019 07:20:58 GMT+0000
    संगीत के जुनून से जसकरण को मिली दोहरी सफलता
    जसकरण ने वेबसाइट से बदली आॅनलाइन संगीत की दुनियाइलेक्ट्राॅनिक डांस म्यूजि़क को समर्पित है ‘ईडीएम हंटर्स’बमुश्किल पासिंग मार्क्स लाने वाला छात्र बना मिसालवर्तमान में नौकरी से मिले खाली समय में करते हैं वेबसाइट का विस्तार
    • +0
      Clap Icon
    Share on
    close
    • +0
      Clap Icon
    Share on
    close
    Share on
    close

    मणिपाल प्रौद्योगिकी संस्थान में सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) में स्नातक के कोर्स में दाखिला लेने के बाद जसकरण राणा प्रारंभ के कुछ दिनों तक तो कोडिंग को समझने में ही लगे रहे और थर्ड़ ईयर तक तो वे बमुश्किल पासिंग मार्क्स ही लाने में सफल रहे। लेकिन स्नातक के अंतिम सेमेस्टर में उन्होंने दोहरी सफलता दर्ज की। एक तरफ पढ़ाई में झंडे गाडे और दूसरी तरफ आॅनलाइन म्यूजि़क की दुनिया में तहलका मचाकर रख दिया। यहां से जसकरण की जिंदगी ही बदल दी।

    image


    जसकरण प्रारंभ से ही इलेक्ट्राॅनिक डांस म्यूजि़क को बहुत पसंद करते थे और काॅलेज के अंतिम वर्ष में उन्होंने उन्होंने इस संगीत के नए और अनुभवी श्रोताओं की मदद के लिये ‘ईडीएम हंटर्स’ नाम की एक वेबसाइट शुरू की।

    जसकरण ने देखा कि इलेक्ट्रॉनिक संगीत के प्रशंसकों के रूप में उन्हें जानकारी खोजने के लिए कई वेबसाइटों को सर्फ करने के बाद अधिकतर निराशा ही हाथ लगती थी। उन्हें और उनके जैसे दूसरे प्रशंसकों को अपने पसंदीदा कलाकारों के गानों को सुनने और वीडियो देखने के लिये इंटरनेट पर घंटो बेकार करने पड़ते थे। इस वेबसाइट की मदद से इलेक्ट्राॅनिक म्यूजि़क के कद्रदान अपनी पसंद के कलाकार के हिट और नये गानों को खोजने और सुनने के अलावा उनके वीडियो भी देख सकते हैं।

    image


    काॅलेज के प्रारंभ के दिनों से ही जसकरण का मन कोडिंग सीखने में नहीं लगा तो उन्होंने कुछ आॅनलाइन कोर्स करने का फैसला किया। उन्होंने 6 महीने के छोटे से समय में जावास्क्रिप्ट, जेक्वेरी, एचटीएमएल और सीएसएस सहित कई प्रोग्रामिंग लैंग्वेज में महारत हासिल कर ली।

    इस कोर्स को करने के बाद जसकरण ने ‘ईडीएम हंटर्स’ को तैयार करने की दिशा में काम करना शुरू कर दिया और जल्द ही सफल भी रहे। उन्होंने इस वेबसाइट को अंतिम सेमेस्टर के प्रोजेक्ट के रूप में भी प्रयोग किया।

    ‘ईडीएम हंटर्स’ को तैयार करने के बाद जसकरण के जीवन में बहुत बदलाव आया और काॅलेज के शुरूआती सेमेस्टर्स के उलट उन्होंने अंतिम सेमेस्टर में 90 प्रतिशत अंक प्राप्त किये और उन्हें ‘बाईंग आईक्यू’ नामक एक आॅनलाइन शाॅपिंग सलाहकार के यहां अच्छी नौकरी मिल गई। वर्तमान में वे दिन में अपनी नौकरी पर पूरा ध्यान देते हैं और खाली समय में ‘ईडीएम हंटर्स’ के विस्तार के लिये प्रयासरत रहते हैं।

    वर्तमान में लगभग 1 लाख से अधिक संगीत प्रशंसक इस वेबसाइट पर अपना पसंदीदा संगीत खोजते हैं और इसके लगभग 50 हजार से अधिक उपयोगकर्ता हैं। इस वेबसाइट को को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी अच्छा नाम मिल रहा है और अमरीका, यूरोप, कनाडा स्पेन सहित कई अन्य देशों के लोग भी इसके सदस्य बन रहे हैं।

    जसकरण चाहते तो अन्य कई इंजीनियरिंग छात्रों की तरह कोडिंग से घबराकर पढ़ाई में भी छोड़ सकते थे लेकिन उनकी हार न मानने की प्रवृत्ति और इलेक्ट्राॅनिक डांस म्यूजि़क के प्रति उनके पागलपन ने उनका जीवन ही बदल दिया और उनके अपने साथी छात्रों से कहीं आगे खड़ा कर दिया।

    वर्तमान में जसकरण नौकरी के अलावा ‘ईडीएम हंटर्स’ को और बेहतर करने की दिशा में भी प्रयासरत हैं। जसकरण की कहानी साबित करती है कि अगर आपके अंदर कुछ करने का समर्पण और प्रतिभा है तो आपके लिये दुनिया में कुछ भी असंभव नहीं है।

    Clap Icon0 Shares
    • +0
      Clap Icon
    Share on
    close
    Clap Icon0 Shares
    • +0
      Clap Icon
    Share on
    close
    Share on
    close