भारत को मिली उपलब्धि, यूनेस्को ने अहमदाबाद को घोषित किया हेरिटेज शहर

By yourstory हिन्दी
September 02, 2017, Updated on : Thu Sep 05 2019 07:16:29 GMT+0000
भारत को मिली उपलब्धि, यूनेस्को ने अहमदाबाद को घोषित किया हेरिटेज शहर
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
Share on
close

अहमदाबाद देश का पहला हेरिटेज शहर बन गया है। इस मौके पर गुजरात के सीएम विजय रुपानी ने कहा कि अहमदाबाद सिर्फ गुजरात का ही नहीं, बल्कि पूरे देश का पहला हेरिटेज शहर है।

अहमदाबाद का प्रसिद्ध भद्र किला (साभार: सोशल मीडिया)

अहमदाबाद का प्रसिद्ध भद्र किला (साभार: सोशल मीडिया)


विश्व विरासत के मामले मे चीन के बाद भारत का स्थान एशिया में दूसरे नंबर पर आता है वहीं दुनिया में भारत का सातवां स्थान है। इस लिस्ट में दुनियाभर के कई प्रसिद्ध शहर भी शामिल हैं।

 ऐतिहासिक 600 साल पुराने इस शहर में एक ओर इसकी प्राचीन संस्कृति और धरोहर नजर आएगी और दूसरी ओर यह एक स्मार्ट सिटी के रूप में भी दिखेगा।

गुजरात की कमर्शियल हब माने जाने वाली सिटी अब भारत की पहली 'वर्ल्ड हेरिटेज सिटी' घोषित हो गई है। यूनेस्को ने इसे 1 सितंबर को यह दर्जा दिया। यूनेस्को की डायरेक्टर जनरल इरिना बोकोवा ने गुजरात के चीफ मिनिस्टर विजय रुपानी को यह दस्तावेज सौंपा। पिछले महीने 8 जुलाई को इस शहर को 'वर्ल्ड हेरिटेज सिटी' के तौर पर नॉमिनेट किया गया था। अहमदाबाद इस लिस्ट में शामिल होने वाला भारत का पहला और एशिया का तीसरा शहर है। दुनियाभर के 250 शहरों में से अहमदाबाद को इसके लिए चुना गया। अब भारत में यूनेस्को द्वारा घोषित 36 विश्व ऐतिहासिक जगहें हैं जिनमें 28 सांस्कृतिक और 7 नेचुरल व एक मिली जुली जगह है।

विश्व विरासत के मामले मे चीन के बाद भारत का स्थान एशिया में दूसरे नंबर पर आता है वहीं दुनिया में भारत का सातवां स्थान है। इस लिस्ट में दुनियाभर के कई प्रसिद्ध शहर भी शामिल हैं। इनमें पेरिस, विएना, काहिरा, ब्रसेल्स, रोम और एडिनबर्ग जैसे शहरों का नाम आता है। यूनेस्को द्वारा प्रमाणित होने के बाद गुजरात के सीएम विजय रुपानी ने कहा कि जल्द ही अहमदाबाद में प्राचीन और आधुनिक दोनों ही संस्कृतियों का संगम होता नजर आएगा। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक 600 साल पुराने इस शहर में एक ओर इसकी प्राचीन संस्कृति और धरोहर नजर आएगी और दूसरी ओर यह एक स्मार्ट सिटी के रूप में भी दिखेगा।

विजय रुपानी ने कहा, 'स्मार्ट सिटी के रूप में अहमदाबाद में वे सभी आधुनिक सुविधाएं शामिल होंगी, जो किसी भी बड़े शहर में उपलब्ध होती हैं।' उनका मानना है कि अहमदाबाद को हेरिटेज सिटी का दर्जा मिलने का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि यह दुनिया के टूरिजम मानचित्र पर आ गया है और यहां अब आने वाले दिनों में विश्व टूरिजम बढ़ेगा। अहमदाबाद को विश्व विरासत शहरों में शामिल करने का सबसे बाद कारण इसकी ऐतिहासिकता भी बढ़ेगी। अहमदाबाद के किलेबंद शहर को सुल्तान अहमद शाह ने 15 वीं सदी में साबरमती नदी के किनारे बसाया था। यह शहर वास्तुकला का शानदार नमूना पेश करता है जिसमें छोटे किले, किलेबंद शहर की दीवारों और दरवाजों के साथ कई मस्जिदें और मकबरे महत्वपूर्ण हैं। शहर में बाद में बनाए गए हिंदू और जैन धर्म के मंदिर भी हैं। यह शहर छठी शताब्दी से अब तक गुजरात की राजधानी के रूप में बना हुआ है।

अहमदाबाद की ऐतिहासिक विरासत

अहमदाबाद की ऐतिहासिक विरासत


600 साल पुराना शहर अब इससे भारत विश्र्व के धरोहर शहरों के मानचित्र में आ गया है। साबरमती नदी के किनारे सुल्तान अहमद शाह दारा बनाया गया अहमदाबाद एक ऐतिहासिक एवं आधुनिक शहर है। 

माना जाता है कि गुजरात राज्य की राजधानी अहमदाबाद की स्थापना सुल्तान अहमद शाह ने 15वीं शताब्दी में की थी। यहां पुरात्तव सर्वेक्षण विभाग द्वारा चिन्हित की गई 28 ऐतिहासिक जगहे हैं। अब इसे विश्व धरोहर शहर का दर्जा भी मिल गया है। 600 साल पुराना शहर अब इससे भारत विश्र्व के धरोहर शहरों के मानचित्र में आ गया है। साबरमती नदी के किनारे सुल्तान अहमद शाह दारा बनाया गया अहमदाबाद एक ऐतिहासिक एवं आधुनिक शहर है। ऐतिहासिक एवं पुरातन महत्त्व की इमारतों मोहल्लों मकबरों के साथ हिंदू मुस्लिमों की साजा सांस्कृतिक विरासत का बेजोड़ साम्राज्य देखा जा सकता है। राज्य की राजधानी अभी उद्योग-धंधों का भी प्रमुख केंद्र है। यहां पर कई ऐसे पुरातन स्थल हैं जिन्हें देखने के लिए विश्वभर से पर्यटक आते हैं।

अहमदाबाद में कई ऐतिहासिक स्मारक हैं जो पर्यटकों को अपनी ओर सहज ही आकर्षित कर लेते हैं। इनमें जैन मंदिर, सिदी सैय्यद मस्जिद, स्वामी नारायण मंदिर, जामा मस्जिद, महुदी जैन मंदिर, अक्षरधाम मंदिर, सिटी वॉल्सद और द गेट्स, रानी नो हाजीरो, झूलता मीनारा, सरखेज रोजा, दादा हरी वाव, अदलाज सीढ़ीदार कुंआ आदि शामिल हैं। इसके अलावा, पर्यटक यहां आकर रजवाडु, चौकीधानी, पंतग रेस्टोरेंट, आईआईएम, रिवर फ्रंट, सीजी रोड़, एसजी रोड़, ड्राइविंग सिनेमा, परिमल गार्डन आदि की सैर भी कर सकते है। यहां कई प्रकार के संग्रहालय, नेचुरल ईको - सिस्ट म और फॉरेस्टा जैसे - इंदोरा नेशनल पार्क और कनकरिया झील भी स्थित है जिसे टूरिस्टों के लिए खास आकर्षण का केंद्र माना जाता है।

यह भी पढ़ें: खाने की बर्बादी रोकने के साथ ही भूखे लोगों की मदद कर रहा है यह 'मैजिक फ्रिज'