मुझे पता है मैं कौन हूं और मुझे खुद पर गर्व है: सनी लियोन

मुझे पता है मैं कौन हूं और मुझे खुद पर गर्व है: सनी लियोन

Thursday December 20, 2018,

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चाहे आप उन्हें पसंद करें या नापसंद करें लेकिन आप इस सच्चाई से मुंह नहीं मोड़ सकते कि सनी लियोन इस दुनिया की उन चंद महिलाओं में से एक हैं जिन्होंने जिंदगी को अपनी शर्तों पर जिया है और इस बारे में कभी कुछ नहीं सोचा कि दूसरे उनके जीवन और करियर को लेकर क्या कह रहे हैं।

सनी लियोन

सनी लियोन


कनाडा में रहने वाले भारतीय माता-पिता की संतान सनी ने एक वयस्क अभिनेत्री के रूप में अपने करियर की शुरुआत की और अब वे मुख्यधारा की बॉलीवुड फिल्मों और टीवी शो में भी काम कर रही हैं।

मशहूर अभिनेत्री और उद्यमी सनी लियोन ने योरस्टोरी के साथ एक विशेष इंटरव्यू में खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि कैसे महिलाओं के लिये एक बेहतर दुनिया बनाने की शुरुआत घर से ही की जा सकती है। उन्होंने यह भी खुलासा किया कि कैसे मेकअप के प्रति उनके प्रेम ने उनके लिये बिजनेस के दरवाजे खोले।

चाहे आप उन्हें पसंद करें या नापसंद करें लेकिन आप इस सच्चाई से मुंह नहीं मोड़ सकते कि सनी लियोन इस दुनिया की उन चंद महिलाओं में से एक हैं जिन्होंने जिंदगी को अपनी शर्तों पर जिया है और इस बारे में कभी कुछ नहीं सोचा कि दूसरे उनके जीवन और करियर को लेकर क्या कह रहे हैं। मैंने सनी लियोन को कभी भी बड़े पर्दे पर नहीं देखा लेकिन जिस तरीके से उन्होंने कुछ वर्ष पूर्व सीएनएन-न्यूज18 के एंकर भूपेंद्र चैबे के गिरे हुए और बेकार के सवालों का शांति और बुद्धिमत्ता के साथ जवाब दिया, उसे देखने के बाद कोई भी उनका प्रशंसक बन जाएगा और मैं भी उनमें से ही एक हूं।

आइये उनमें से कुछ सवालों पर दोबारा एक नजर डालते हैंः 'कितने लोग पोर्न स्टार बनने के बारे सोचते हुए बड़े होते हैं?' 'क्या आपका इंटरव्यू लेने के चलते मैं भी नैतिक रूप से गिर गया हूं?' 'क्या हमें भविष्य में सनी लियोन की ऐसी फिल्में देखने को मिलेंगी जिनमें हम उन्हें साड़ी पहले, पूरी तरह ये ढंका हुआ देख सकेंगे?'

ये कुछ सवाल थे जो सनी लियोन से एक टीवी पत्रकार ने पूछे थे। कोई और महिला होती तो शायद इन वाहियात सवालों को छोड़कर शो से बाहर चली जाती लेकिन सनी ने मैदान में टिके रहने का फैसला किया और अपना सिर ऊंचा रखते हुए सभी सवालों का बड़ी सादगी से सामना किया। बाद में हफिंगटन पोस्ट के साथ एक इंटरव्यू में, उन्होंने कहा, 'लेकिन मैं कभी हार मानकर पीछे नहीं हटूंगी। मैं कभी किसी को खुद पर हावी नहीं होने दे सकती। मैं किसी को भी - चाहे वह पुरुष हो या महिला - अपने को नीचा दिखाने की आजादी नहीं दूंगी। मैं अपने भीतर की इसी भावना के चलते इस इंटरव्यू का हिस्सा बनी रही। इसके अलावा अगर मैं उठकर चली गई होती तो मैं हर उस संदेह और आरोप को सच साबित कर देती जो उन्होंने मेरे और मेरे बीते हुए कल को लेकर उठाए थे। मैं उन्हें कभी भी ऐसा नहीं करने देती।'

अपनी शर्तों पर जिंदगी

करनजीत कौर वोहरा के रूप में जन्म लेने वाली सनी लियोन हमेशा से ही अपने खुद के लिये चुने गए विकल्पों को लेकर आलोचकों के निशाने पर रही हैं। कनाडा में रहने वाले भारतीय माता-पिता की संतान सनी ने एक वयस्क अभिनेत्री के रूप में अपने करियर की शुरुआत की और अब वे मुख्यधारा की बॉलीवुड फिल्मों और टीवी शो में भी काम कर रही हैं।

सनी विकल्पों को चुनने और फिर उन पर टिके रहने में विश्वास करती हैं, फिर परिस्थितियां चाहे जैसी भी हो। योरस्टोरी के साथ एक विशेष इंटरव्यू में वे कहती हैं, 'खुद को पहचानना और यह जानना कि आपको क्या पसंद है और फिर उसे करके दिखाना ही एक महिला होने का सार है। अक्सर महिलाएं अपने आसपास मौजूद लोगों द्वारा निर्धारित मानकों के आगे झुक जाती हैं औैर इस क्रम में खुद को भूल जाती हैं। अगर ऐसा होता है, तो मेरा मानना है कि हमें खुद को दोबारा पाने के लिये उन छोटे-छोटे कदमों को उठाना चाहिये।'

मातृत्व और अन्य चीजों पर सनी लियोन

सनी एक महिला, पत्नी, माता और अभिनेत्री के रूप में असल जीवन में निभाई जाने वाली विभिन्न भूमिकाओं को लेकर बात करती हैं। जाने-माने गिटारवादक और अब उनके मैनेजर डेनियल वीबर से शादी करने वाली सनी का जीवन एक खुली किताब की तरह है, कम से कम सोशल मीडिया पर तो ऐसा ही है। वे लगातार सोशल मीडिया पर अपने परिवार - उनके तीनों बच्चों - गोद ली हुई बेटी निशा कौर वीबर और सरोगेसी के जरिये पैदा हुए अपने जुड़वा बच्चें अशर सिंह वीबर और नोहा सिंह वीबर - की खुशनुमा तस्वीरों को पोस्ट करती रहती हैं। इस युगल ने निशा को महाराष्ट्र के लातूर से गोद लिया था।

उन्होंने हाल ही में ट्विटर पर लिखा, 'वो 21 जून 2017 का दिन था जब डेनियल और मैं इस नतीजे पर पहुंचे कि हमारे भी तीन बच्चे हो सकते हैं और वह भी बहुत कम समय में। हमनें एक परिवार तैयार करने की योजना बनाई और कई सालों बाद अशर सिंह वीबर, नोहा सिंह वीबर और निशा कौर वीबर के रूप में हमारा परिवार पूरा हो गया है। हालांकि हमारे बेटों का जन्म कुछ ही सप्ताह पहले हुआ है लेकिन वे हमारे दिलों और आंखों में कई सालों से जीवित थे। भगवान ने हमारे लिये कुछ विशेष योजना बनाई और हमें एक बड़ा परिवार दिया। हम दोनों को अब तीन बच्चों का माता-पिता होने का गर्व है।'

तो वह अपने जीवन के विभिन्न पहलुओं का प्रबंधन कैसे करती हैं? वे हंसते हुए बताती हैं, 'इन सभी भूमिकाओं में आपको सोने का समय नहीं मिलता लेकिन मुझे अपनी जिंदगी और अपने बच्चों और अपने पति से बेहद प्यार है। अगर सिर्फ नींद का हिस्सा निकाल दें तो, मेरे पास वास्तव में सर्वश्रेष्ठ जीवन है।'

उद्यमिता का कीड़ा

सिर्फ अभिनय करना ही काफी नहीं था और सनी अब स्टार स्ट्रक बाई सनी लियोन के जरिये उद्यमिता के क्षेत्र में भी अपने कदम बढ़ा चुकी हैं। यह एक कॉस्मेटिक लाइन अप है जिसमें लिपस्टिक, लिप-लाइनर और लिप-ग्लॉस जैसे मेकअप शामिल हैं।

वे कहती हैं, 'मुझे कॉस्मेटिक्स काफी पसंद हैं और चूंकि मैं एक खुद से ऐसे प्रॉडक्ट की प्रशंसक हूं ऐसे में मेरे लिये इस दिशा में आग बढ़ना बिल्कुल स्वाभाविक था। हम बाजार में उतर चुके हैं और ब्रांड काफी बेहतर कर रहा है। मैं कुछ ऐसा तैयार करना चाहती थी जिसे मैं स्वयं प्रयोग कर सकूं और यह मेरे लिये सबसे ज्यादा जरूरी था। मैं हर समय कैमरे के सामने रहती हूं मेकअप और अन्य अच्छे उत्पाद मुझे सबसे अच्छा दिखने में काफी मदद करते हैं। मैं लोगों के लिये भी ऐसा ही करना चाहती थी। डेनियल और मैं, हम दोनों ही इस बात को लेकर बिल्कुल स्पष्ट थे कि हमें यह अपने बूते पर बिना किसी निवेशक के करना है क्योंकि हमारा अनुभव रहा है कि जितने अधिक लोग शामिल होते हैं चीजों के उस दिशा में जाने की अधिक संभावना होती है जो हम नहीं चाहते। हम दोनों इसे सर्वोत्तम बनाने के लिये पूर्ण नियंत्रण चाहते थे। और अब दैनिक आधार पर ब्रांड की प्रगति देखकर मुझे बहुत गर्व होता है।'

वे आगे कहती हैं, 'हमारी योजना मेरे इस ब्रांड के विस्तार करने और आगे बढ़ते हुए जितना संभव हो सके काम करने की है। मेरी योजन बिल्कुल उसी तरह से आगे बढ़ने की है जैसे एक ट्रेन पहाड़ी पर ऊपर चढ़ती है।'

एक तरफ जहां भारत अश्लील फिल्मों के सबसे बड़े उपभोक्ताओं में से एक है, यहां पर वयस्क कलाकारों को लेकर काफी दोहरा रवैया और मानदंड अपनाया जाता है और सनी लियोन भी कोई अपवाद नहीं हैं। भारत अभी भी दिल से काफी रूढ़ीवादी देश है और एक वयस्क स्टार के मुख्यधारा की अदाकारा बनना और ‘‘सम्माननीय’’ कलाकारों के साथ मंच साझा करने जैसी बातों को इतने अच्छे से नहीं लिया जाता है। चुनौतियों के बारे में पूछे जाने पर वे कहती हैं, 'मेरे ख्याल से मैं जीवन को ब्लैक ऐंड व्हाइट में नहीं देखती। सामने चुनौतियां तो कई हैं लेकिन नतीजे एक सीखने की प्रक्रिया है और मैं बाद में याद करने के लिये उन्हें अपने दिलोदिमाग में लेकर नहीं बैठती। मैं काफी व्यवस्थित हूं और हर समस्या का एक समाधान होता है और समस्या को पहचानते हुए उससे सफलतापूर्वक बाहर निकलना मेरा काम है। मैं अपने जीवन को यथासंभव सकारात्मक रूप से जीने की कोशिश करती हूं।'

बदलाव घर से शुरू होता है

पहले कनाडा और फिर बाद में भारत में अपनी जिंदगी बिताने वाली सनी महिलाओं के सामने आने वाली चुनौतियों और दिक्कतों के बारे में बखूबी जानती हैं, विशेषकर जब बात पसंद कर आजादी की हो। वे कहती हैं, 'यहां पर कई ऐसे मुद्दे हैं जिनका सामना महिलाओं को करना पड़ता है और मैं सिर्फ यह कहना चाहती हूं कि बदलाव घर से ही शुरू होता है। अगर हम परिवारों को बुनियादी बातों को लेकर शिक्षित करने में सफल रहते हैं तो हो सकता है कि हम अगली पीढ़ी में बदलाव लाने में सक्षम हों। बच्चे हमारा भविष्य हैं और महिलाओं से जुड़े मुद्दों को ठीक करने का इकलौता तरीका है अपने घर से बिल्कुल ठीक शुरुआत करना।'

एक तरफ जहां स्टार स्ट्रक इस अदाकारा की प्राथमिकताओं की सूची में शीर्ष पर है वे मलयायम फिल्म उद्योग में अपनी शुरुआम की बड़ी बेसब्री से प्रतीक्षा कर रही हैं जहां को लेकर उनका मानना है, 'बेहतरीन समय होगा।'

सनी जो कुछ भी करती हैं वह सुर्खियां बन जाता है और ऐसा करने के क्रम में वे तमाम तरह की विचित्र रायों, पूर्वाग्रहों और चरम प्रतिक्रियाओं की साक्षी बनती हैं। और उनको आंकने वालों के लिये उन्हें सिर्फ यही कहना है। 'रोज सुबह खुद को शीशे में देखते हुए स्वयं से पूछो कि तुम वास्तव में क्या हो? मुझे पता है कि मैं कौन हूं और मुझे अपने जीवन पर गर्व है ....... क्या आप को अपने ऊपर गर्व है?'

हम वर्ष 2018 के अंत के बेहद करीब हैं और यह देखना काफी निराशाजनक है कि हमें इस तथ्स पर आंका जाता है कि हम क्या हैं और हम क्या करते हैं। एक बात बिल्कुल साफ है कि सनी लियोन इन सबके बीच भी मजबूती से खड़ी रही हैं। मेरा ऐसा मानना है कि हमें अपनी कहानियों का पीड़ित होने के बजाय अपनी खुद की कहानियों का स्वामी होना चाहिये।

आइये हम इस नये साल को ऐसा बनाए जिसमें हमारा जीवन अनुचित निर्णयों और रूढ़ीवादियों द्वारा तय न किया जाए। स्वयं को साबित करने के लिये सबसे कठिन चुनौतियों का सामना करने को लेकर आप सबको सलाम। हमें अपनी कहानियां बताएं ताकि दुनिया भी उनकी साक्षी बन सके।

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