सड़कों पर फर्राटेदार कार दौड़ा रही हैं 90 साल की दादी, 3 महीने में सीखी कार ड्राइविंग

सड़कों पर फर्राटेदार कार दौड़ा रही हैं 90 साल की दादी, 3 महीने में सीखी कार ड्राइविंग

Friday October 01, 2021,

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उम्र महज एक संख्या है और यह बात 90 रेशम बाई आज बखूबी साबित कर रही हैं, जो आज मध्य प्रदेश की सड़कों पर फर्राटे के साथ कार दौड़ाती हुई देखी जा रही हैं। हाल ही में कार चलाते हुए वायरल हुए उनके एक वीडियो ने इंटरनेट पर मानो तहलका ही मचा दिया है और अब हर कोई उनके इस जज्बे की तारीफ कर रहा है।


देवास जिले के बिलावली की रहने वाली रेशम बाई तंवर के परिवार में उनके बेटे-बहू से लेकर उनके नाती-पोते भी कार चला लेते हैं और परिवार के अन्य सदस्यों को देखते हुए रेशम बाई भी अब कार चलाने के अपने सपने को पूरा कर रही हैं। इंटरनेट पर वायरल हुए वीडियो में रेशम बाई मारुति 800 चलाती हुई देखी जा रही हैं।

बेटे से सीखी कार चलानी

रफ्तार की शौकीन रेशम बाई ने कार चलाना अपने बेटे से सीखा है। इसके पहले भी रेशम बाई ट्रैक्टर चला चुकी हैं और वे हमेशा से ही कार चलाना चाहती थीं। रेशम बाई के इस फैसले का उनके परिवार ने भरपूर समर्थन किया और उनके बेटे ने उन्हें कार चलाने की ट्रेनिंग देनी भी शुरू कर दी। लगभग तीन महीने की प्रैक्टिस के बाद ये दादी अब सड़कों पर अपनी कार से फर्राटा भरती हुई नज़र आ रही हैं।


फिलहाल दादी के परिवार वालों ने संबन्धित विभाग में उनके लाइसेन्स के लिए भी आवेदन किया है। गौरतलब है कि ट्रैक्टर चला लेने वाली रेशम बाई स्मार्टफोन का भी बखूबी इस्तेमाल करती हैं।

रेशम बाई तंवर का यह वीडियो सबसे पहले 23 सितंबर को संदीप सिंह नाम के एक शख्स ने ट्विटर पर शेयर किया था और खबर लिखे जाने तक इस वीडियो को करीब 30 हज़ार बार देखा भी जा चुका है, जबकि वीडियो को 800 से अधिक लाइक्स मिले हैं।

मुख्यमंत्री ने भी की दादी की तारीफ

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद आज जहां आम लोग रेशम बाई की तारीफ कर रहे हैं वहीं तारीफ करने वालों की सूची में प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का नाम भी शामिल हैं। सूबे के मुख्यमंत्री ने ट्विटर पर ये वीडियो शेयर करते हुए एक संदेश भी लिखा।


उन्होने लिखा, “दादी माँ ने हम सभी को प्रेरणा दी है कि अपनी अभिरुचि पूरी करने में उम्र का कोई बंधन नहीं होता है।” उन्होने आगे लिखा, “उम्र चाहे कितनी भी हो, जीवन जीने का जज्बा होना चाहिए।”


Edited by Ranjana Tripathi