दिल्ली में फ्लाइओवर के नीचे लगा स्कूल, गरीब बस्तियों के बच्चों को मिल रही मुफ्त शिक्षा

By रविकांत पारीक
April 15, 2021, Updated on : Thu Apr 15 2021 05:17:40 GMT+0000
दिल्ली में फ्लाइओवर के नीचे लगा स्कूल, गरीब बस्तियों के बच्चों को मिल रही मुफ्त शिक्षा
हाल ही में देश की राजधानी दिल्ली से कुछ ऐसी ही तस्वीरें सामने आई हैं, जहां मयूर विहार फेज-1 इलाके के फ्लाइओवर के नीचे क्लास लगती दिखाई दी।
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कोरोना महामारी के चलते जहां एक तरफ स्कूल और कॉलेज बंद है, वहीं कुछ ऐसे लोग हैं जो शिक्षा के महत्व को समझते हुए बच्चों के भविष्य को संवारने के उद्देश्य से हर हाल में पढ़ाना जारी रखना चाहते हैं।


हाल ही में देश की राजधानी दिल्ली से कुछ ऐसी ही तस्वीरें सामने आई हैं, जहां मयूर विहार फेज-1 इलाके के फ्लाइओवर के नीचे क्लासें लगती दिखाई दी।

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दिल्ली के मयूर विहार फेज-1 इलाके के फ्लाइओवर के नीचे बस्तियों के बच्चों को मुफ्त शिक्षा दी जा रही है। (फोटो साभार: ANI)

समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, इस फ्लाइओवर के नीचे बीते कई सालों से कुछ युवाओं का एक ग्रुप आस-पास की बस्तियों की झुग्गियों में रहने वाले बच्चों को मुफ्त शिक्षा दे रहा है। ये ग्रुप कक्षा नर्सरी से दसवीं तक के बच्चों को पढ़ाता है। लगभग 250 बच्चे यहां पढ़ने आते हैं। सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक फ्लाइओवर के नीचे कक्षाएं लगती है। इन युवाओं के इस प्रयास को लोगों से खूब प्रोत्साहन मिल रहा है।

ग्रुप के एक शिक्षक दीपक ने एएनआई से बात करते हुए कहा, “हमारे यहां नर्सरी-केजी से दसवीं तक के लगभग 250 बच्चे पढ़ने आते हैं। यहां सुबह 8 बजे से दोपहर के 2 बजे तक बच्चों को पढ़ाया जाता है। हम यहां शेल्टर बनवाना चाहते थे, क्योंकि बारिश के समय बच्चों को पढ़ाने में दिक्कत होती थी। शुरूआती दिनों में हमें डीडीए की तरफ से थोड़ी सी मुश्किलों का सामना करना पड़ा था लेकिन अब सब सही चल रहा है।”

द डैली गार्डियन की एक रिपोर्ट के मुताबिक, BSc ग्रेजुएट - सत्येंद्र - ने मयूर विहार फेज-1 फ्लाईओवर के नीचे फ्री कोचिंग क्लासेज शुरू की है।


सत्येंद्र ने कहा,

"छोटे बच्चे जमीन पर बिछी चटाई पर अपनी कक्षाएं लेते हैं, जबकि बड़े बच्चों के पास बेंच और डेस्क हैं। जैसे ही लॉकडाउन लागू हुआ, ऑनलाइन कक्षाएं शुरू हुईं और झुग्गियों के इन बच्चों के पास पढ़ाई के लिए कोई मोबाइल फोन नहीं था। हम केजी से कक्षा 10 तक के छात्रों को पढ़ाते हैं। स्कूल सुबह 8 से दोपहर 2 बजे तक चलता है।”


Edited by Ranjana Tripathi