YouTube पर निवेशकों को गुमराह करने के आरोप में SEBI ने अरशद वारसी, पत्नी समेत 31 लोगों पर बैन लगाया

सभी दोषियों पर कार्रवाई करते हुए सेबी ने बाजार में ट्रेडिंग से तत्‍काल रोक लगा दी है. मामले में अरशद वारसी और उनकी पत्‍नी मारिया गोरेटी पर भी पाबंदी लगाई गई है.

YouTube पर निवेशकों को गुमराह करने के आरोप में SEBI ने अरशद वारसी, पत्नी समेत 31 लोगों पर बैन लगाया

Thursday March 02, 2023,

3 min Read

प्रतिभूति और एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) ने गुरुवार को 31 लोगों पर बैन लगाया है. इसमें अभिनेता अरशद वारसी (Arshad Warsi), उनकी पत्नी मारिया गोरेटी (Maria Goretti) और Sadhna Broadcast के प्रमोटर्स का भी नाम शामिल है. SEBI का मानना है कि ये YouTube चैनलों पर भ्रामक वीडियो अपलोड करके निवेशकों को कंपनी के शेयर खरीदने की सिफारिश करते हैं. सेबी ने अरशद सहित 45 यूट्यूबर्स को शेयर पंप एंड डंप योजना (Share Pump & Dump scheme) में दोषी पाया है.

सेबी लंबे समय से यूट्यूब इंफ्लूएंशर्स पर शिकंजा कसने की तैयारी कर रहा था. इस बार में दो साल पहले ही नियम बनाने की कवायद शुरू हो गई थी. सेबी ने कहा है कि मामले में दोषी पाए गए अरशद वारसी सहित कई यूट्यूबर्स निवेशकों को गुमराह करके अपना वॉल्‍यूम बढ़ा रहे थे और महीने में 75 लाख रुपये तक की कमाई कर रहे थे. सभी दोषियों पर कार्रवाई करते हुए सेबी ने बाजार में ट्रेडिंग से तत्‍काल रोक लगा दी है. मामले में अरशद वारसी और उनकी पत्‍नी पर भी पाबंदी लगाई गई है. मारिया गोरेटी को भी सेबी ने बाजार में ट्रेडिंग से बैन लगा दिया है.

सेबी ने कहा कि अरशद वारसी ने 29.43 लाख रुपये का लाभ कमाया है और उनकी पत्नी ने 37.56 लाख रुपये का लाभ कमाया है.

सेबी को कुछ शिकायतें मिलने के बाद यह आदेश आया, जिसमें आरोप लगाया गया था कि टेलीविजन चैनल Sadhna Broadcast की स्क्रिप में कुछ संस्थाओं द्वारा शेयरों की कीमत में हेरफेर और उतार-चढ़ाव था.

शिकायतों ने आरोप लगाया कि कंपनी के बारे में झूठी सामग्री के साथ YouTube वीडियो को भ्रामक निवेशकों को लुभाने के लिए अपलोड किया गया था.

इसके बाद, नियामक ने अप्रैल-सितंबर 2022 के दौरान एक टेस्ट किया और अप्रैल और जुलाई 2022 के बीच साधना की स्क्रिप की कीमत और मात्रा में एक उछाल पाया.

जुलाई 2022 की दूसरी छमाही के दौरान, साधना के बारे में गलत और भ्रामक वीडियो दो YouTube चैनलों - "सलाहकार" और "मनीवाइज" पर अपलोड किए गए थे. इन YouTube वीडियो ने गलत और भ्रामक खबर को अनुशंसा करने के लिए कहा कि निवेशकों को असाधारण मुनाफे के लिए साधना स्टॉक खरीदना चाहिए, सेबी ने अपने अंतरिम आदेश में कहा.

भ्रामक YouTube वीडियो की रिलीजई के बाद, साधना स्क्रिप की कीमत और ट्रेडिंग वॉल्यूम में वृद्धि हुई थी.

भ्रामक YouTube वीडियो से प्रभावित खुदरा निवेशकों की एक बड़ी संख्या द्वारा योगदान दिया गया है.

सेबी ने कहा, 'साधना ब्रॉडकास्ट के प्रमोटर, अरशद वारसी, यूट्यूब चैनल 'मनीवाइज' और 'द एडवाइजर' के निर्माता मनीष मिश्रा निवेशकों को कंपनी के शेयर खरीदने की सलाह देते हैं, शेयर्स की कीमत बढ़ा-चढ़ाकर बताते हैं और फिर डंप कर देते हैं.

सेबी के मुताबिक, अरशद वारसी ने 29.44 लाख रुपये, उनकी पत्नी ने 37.56 लाख रुपये, यूट्यूबर मनीष मिश्रा ने 14.46 लाख रुपये, प्रमोटर गौरव गुप्ता ने 7.6 करोड़ रुपये, श्रेया गुप्ता ने 2.18 करोड़ रुपये, पूजा अग्रवाल ने 1.47 करोड़ रुपये और वरुण मीडिया ने 1.11 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया है. यानी 31 लोग जिनपर शेयर्स की हेराफेरी करने का आरोप लगा है, उन्होंने वीडियो अपलोड होने के बाद कुल 41.85 करोड़ रुपये का अवैध मुनाफा कमाया था.

Montage of TechSparks Mumbai Sponsors