Wipro देगी डाबर, इमामी, टाटा, आईटीसी को टक्कर, Nirapara का अधिग्रहण किया

By yourstory हिन्दी
December 19, 2022, Updated on : Mon Dec 19 2022 12:33:36 GMT+0000
Wipro देगी डाबर, इमामी, टाटा, आईटीसी को टक्कर, Nirapara का अधिग्रहण किया
इस अधिग्रहण के साथ ही विप्रो कंज्यूमर केयर भी मसालों के बाजार में उतर गई है. इस क्षेत्र की अन्य कंपनियों में डाबर, इमामी, टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड और आईटीसी शामिल हैं.
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विप्रो कंज्यूमर केयर एंड लाइटनिंग Wipro Consumer Care and Lighting ने केरल के सबसे ज्यादा बिकने वाले खाद्य पदार्थों के ब्रांड निरापारा के अधिग्रहण के साथ ही डिब्बाबंद खाद्य पदार्थों और मसालों के क्षेत्र में उतरने की घोषणा की है. हालांकि, कंपनी ने सौदे के आकार का खुलासा नहीं किया है. कंपनी ने बयान में कहा कि विप्रो समूह Wipro Ltd की इकाई ने निरापारा के साथ इस बारे में पक्का समझौता किया है.


इस अधिग्रहण के साथ ही विप्रो कंज्यूमर केयर भी मसालों के बाजार में उतर गई है.  इस क्षेत्र की अन्य कंपनियों में डाबर, इमामी, टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड और आईटीसी शामिल हैं.


विप्रो कंज्यूमर केयर एंड लाइटनिंग और विप्रो एंटरप्राइजेज के कार्यकारी निदेशक विनीत अग्रवाल ने कहा, ‘‘निरापारा हमारा 13वां अधिग्रहण है और यह मसालों तथा तैयार भोजन की श्रेणी में हमारी स्थिति को मजबूत करता है.’’ उन्होंने कहा कि 63% व्यापार केरल से आता है, 8% शेष भारत से और 29% अंतर्राष्ट्रीय बाजारों से आता है.


विप्रो एंटरप्राइजेज की इकाई विप्रो कंज्यूमर केयर एंड लाइटनिंग भारत में सबसे तेजी से बढ़ते रोजमर्रा के इस्तेमाल के उपभोक्ता सामान कारोबार में से एक है.


निरापारा को 1976 में लॉन्च किया गया था और यह रेडी-टू-कूक मिश्रित मसालों- पुत्तु पोडी के लिए जाना जाता है. निरापारा के अधिकांश पोर्टफोलियो में ऐसे उत्पाद शामिल हैं जो केरल के घरों में प्रमुख हैं. यह ब्रांड बड़ी मात्रा में मसालों के मिश्रण का उत्पादन करने में अग्रणी है, और चावल के पाउडर का इस्तेमाल अप्पम, इडियप्पम, डोसा, इडली, आदि बनाने के लिए किया जाता है. अधिग्रहण के बाद भी ब्रांड नाम 'निरापारा' जारी रहेगा.


वित्त वर्ष 2017-18 में 400 करोड़ रुपये का कारोबार दर्ज करने के बावजूद कंपनी को पिछले तीन या चार वर्षों में झटका लगा है. नतीजतन, उन्होंने बाजार में अपना एकाधिकार खो दिया और उन्हें लागत में कटौती के उपाय करने पड़े.


कुछ साल पहले, विप्रो ने इसी तरह केरल स्थित लोकप्रिय साबुन ब्रांड 'चंद्रिका' का अधिग्रहण किया था.

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Edited by Vishal Jaiswal