शहीदों के लिए एकजुट हुआ देश, 80 हजार लोगों ने दान किए 46 करोड़

By yourstory हिन्दी
February 19, 2019, Updated on : Thu Sep 05 2019 07:31:24 GMT+0000
शहीदों के लिए एकजुट हुआ देश, 80 हजार लोगों ने दान किए 46 करोड़
पुलवामा हमले में शहीदों के परिजनों को मिलेंगे 15-15 लाख
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
Share on
close

भारत के वीरों को नमन


पुलवामा में सीआरपीएफ जवानों की शहादत पर देश की जनता को जितना दुख है उतना ही आक्रोश भी है। इस दुख की घड़ी में देश का हर नागरिक शहीदों के परिवार के साथ मजबूती से खड़ा रहने का संदेश दे रहा है। भारत के नागरिकों और कई हस्तियों ने मिलकर शहीदों के लिए 45 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि दान की है। शहीदों के परिजनों की मदद के लिए बनाए गए वेब पोर्टल 'भारत के वीर' पर यह राशि दान की गई है। भारत सरकार ने इस राशि से हर एक शहीद परिवार को 15-15 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।


गृह मंत्रालय ने 'भारत के वीर' पोर्टल पर देश की आम जनता द्वारा दिए गए इस दान की राशि को पुलवामा हमले में शहीद के परिवारों को देने का फैसला किया है। देश के हजारों आम नागरिकों ने अपनी क्षमता के मुताबिक शहीदों के लिए दान दिया। कई स्कली बच्चों ने अपनी एक महीने की पॉकेट ही दान कर दी। वहीं बॉलिवुड और खेल की दुनिया की हस्तियों ने भी दिल खोलकर शहीदों की मदद की। कुश्ती खिलाड़ी योगेश्वर दत्त ने अपनी तरफ से 5,25,000 रुपये दान किए और हर साल अपने पहले महीने की तनख्वाह 'भारत के वीरों' के लिए दान करने का प्रण भी लिया।


रविवार को पोर्टल के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से किए ट्वीट में कहा गया,


'हम भारत के वीर पोर्टल को मिले अद्भुदद समर्थन के लिए सभी का धन्यवाद ज्ञापित करते हैं। हर शहीद जवान के परिवार को आपके दिए योगदान की मदद से 15-15 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। आप अब भी इस पोर्टल पर अपनी मदद भेज सकते हैं, जिसका इस्तेमाल सभी परिवारों की सहायता के लिए किया जाएगा।'


मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पुलवामा के हमले के बाद भारत के वीर पोर्टल पर करीब 80 हजार लोगों ने शहीदों के परिवार के लिए अपने हाथ बढ़ाए हैं। इन लोगों द्वारा अब तक करीब 46 करोड़ रुपये की राशि को शहीदों के परिवारों के लिए दान किया गया है। लोगों की इतनी बड़ी संख्या के कारण 'भारत के वीर' पोर्टल के कई बार क्रैश होने की बात भी सामने आ चुकी है। केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा है कि सैन्य बलों का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा और देश आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई के लिए एकजुट है। सरकार अपने देश से आतंकवाद को जड़ से समाप्त करने के लिए कृतसंकल्प है।

बीते सप्ताह गुरुवार को सीआरपीएफ जवानों के काफिले पर हुए आतंकी हमले में 44 जवान शहीद हो गए थे। भारत ने पाकिस्तान को इस हमले के लिए जिम्मेदार मानते हुए उससे मोस्ट फेवर्ड नेशन यानी तरजीही राष्ट्र का दर्जा छीन लिया है। वहीं वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि पाकिस्तान को इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा।


केन्‍द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि देश एकजुट होकर आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक युद्ध लड़ रहा है और निश्चित रूप से उसकी जीत होगी। उन्‍होंने कहा कि दुनिया भारत के साथ है और सुरक्षा बलों का मनोबल बहुत ऊंचा है। उन्‍होंने दोहराया कि केवल मुट्ठी भर गुमराह नौजवानों ने सीमापार बैठे लोगों से आतंकवाद फैलाने के नापाक मंसूबे के लिए हाथ मिलाया है।


यह भी पढ़ें: पुलवामा के शहीदों को नमन: हर शहीद परिवार को 5 लाख देंगे अमिताभ बच्चन