करीब 35,000 करोड़ रुपये का है क्रिकेट फैंटेसी गेमिंग का मार्केट, जानिए किन वजहों से तेजी से बढ़ रहा है

अशनीर ग्रोवर ने गुरुवार को क्रिकेट फैंटेसी ऐप CrickPe को लॉन्च कर मार्केट में तहलका मचा दिया है. ग्रोवर ने ऐप लॉन्च पर कहा कि गेम में मिलने वाले रिवॉर्ड्स का एक हिस्सा क्रिकेटर्स को भी जाएगा.

करीब 35,000 करोड़ रुपये का है क्रिकेट फैंटेसी गेमिंग का मार्केट, जानिए किन वजहों से तेजी से बढ़ रहा है

Friday March 24, 2023,

4 min Read

हाइलाइट्स

अशनीर ग्रोवर के क्रिकेट फैंटेसी स्पोर्ट्स ऐप Crickpe पर रिवॉर्ड्स का एक हिस्सा क्रिकेटर्स को भी जाएगा.

FIFS की रिपोर्ट के मुताबिक इंडिया में फैंटेसी स्पोर्ट्स के इस समय 13 करोड़ से ज्यादा यूजर हैं.

रिपोर्ट के मुताबिक अगले चार सालों में क्रिकेट फैंटेसी का मार्केट 30% की CAGR से बढ़ने का अनुमान है.

अशनीर ग्रोवर ने गुरुवार को क्रिकेट फैंटेसी ऐप Crickpe को लॉन्च कर मार्केट में तहलका मचा दिया है. ग्रोवर ने ऐप लॉन्च पर कहा कि गेम में मिलने वाले रिवॉर्ड्स का एक हिस्सा क्रिकेटर्स को भी जाएगा.

देखना ये होगा कि ग्रोवर इस कॉम्पिटिटीव स्पेस में कितनी हिस्सेदारी हथिया पाते हैं, क्योंकि इस इंडस्ट्री में Dream11, Mycircle11, Ballebaazi जैसे कई नामी प्लेयर पहले से मौजूद हैं. 

इनके अलावा, Gamezy, MyTeam11, Mobile Premier League(MPL), HalaPlay, PayTM First Games, 11Wickets, Vision11, GoSuper11, FanFight, Playerzpot, CricPlay, Howzat जैसे नाम शामिल हैं.

हालांकि, अक्सर कई स्टार्टअप फाउंडर ये कहते हुए दिख जाते हैं कि इंडिया बहुत बड़ा मार्केट है और सभी के लिए ढेरों अवसर मौजूद हैं. आइए एक बार इंडिया में फैंटेसी स्पोर्ट्स मार्केट पर नजर डालते हैं.

इंडिया में फैंटेसी स्पोर्ट्स का बाजार IPL के साथ Dream11 के आने से तेजी से उछला. क्रिकेट के अलावा फुटबॉल, बास्केटबॉल, हॉकी, और बैडमिंटन से जुड़े फैंटेसी ऐप्स की भी काफी पॉपुलैरिटी है. फेडरेशन ऑफ इंडियन फैंटेसी स्पोर्ट्स(FIFS) ने एक रिपोर्ट रिलीज की थी, जिसके मुताबिक इंडिया में फैंटेसी स्पोर्ट्स के इस समय 13 करोड़ से ज्यादा यूजर हैं.

हालांकि, सबसे ज्यादा डिमांड क्रिकेट फैंटेसी ऐप्स की है. 2021 में IPL के पहले फेज में ही 20 लाख नए यूजर्स जुड़े थे. फैंटेसी क्रिकेट ऐप एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म है, जहां यूजर क्रिकेट की फील्ड में अपनी जानकारी और स्किल के आधार पर उन क्रिकेटर्स के साथ एक वर्चुअल टीम बनाता है, जो असल में को क्रिकेट स्पोर्टिंग इवेंट में खेल रहे होते हैं.

सभी यूजर्स की वर्चुअल टीम्स का मुकाबला होता है. रियल गेम में हर प्लेयर की असल परफॉर्मेंस के आधार पर पर्चुअल टीम्स को रैंकिंग मिलती है और टॉप स्कोरर विजेता घोषित होता है.

जिस समय फैंटेसी स्पोर्ट्स ऐप का चलन इंडिया में शुरू हुआ तब इसे लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे थे. इसका मार्केट रेवेन्यू जेरनेट करेगा या नहीं, लेकिन फैंटेसी स्पोर्ट्स इडंस्ट्री अब उम्मीद से कहीं ज्यादा का रेवेन्यू जेनरेट कर रही है. इसके पीछे कई कारण हैं. 

तेजी से बढ़ती इंटरनेट कनेक्टिविटी और किफायती फीचर्ड स्मार्टफोन की बदौलत डिजिटल गेमिंग ईकोसिस्टम और इंडियन फैंटेसी स्पोर्ट्स मार्केट कई गुना रफ्तार से ग्रो कर रहा है.

इसके अलावा IPL T20, ICC क्रिकेट वर्ल्ड कप, वीवो प्रो कबड्डी लीग  जैसे कई स्पोर्ट्स लीग और एनुअल स्पोर्ट्स ईवेंट भी कई खेल के शौकीनों को फैंटेसी स्पोर्ट्स की ओर ला रहे हैं.

यूट्यूब चैनल्स, वीलॉग्स, टीवी शो, न्यूजपेपर कॉलम्स, ब्लॉग्स, फोरम्स की भी लोकप्रियता काफी बढ़ी है. एक्सपर्ट्स इऩ जगहों पर प्लेयर्स के परफॉर्मेंस को एनालाइज करते हैं और बताते हैं कि आगे कैसे ट्रेंड रह सकते हैं. इससे भी फैंटेसी स्पोर्ट्स के प्रति लोगों की दिलचस्पी बढ़ी है.

कई फैंटेसी स्पोर्ट्स प्लैटफॉर्म अब यूजर्स को बेहतर पेमेंट एक्सपीरियंस ऑफर कर रहे हैं जिससे खेलना काफी आसान हो गया है. कई बार इस बात को लेकर बहस छिड़ी है कि फैंटेसी स्पोर्ट्स बेटिंग गेम हैं, लेकिन अदालतों ने कई फैसलों में इन्हें बेटिंग नहीं बल्कि स्किल आधारित गेम बताया है. इन फैसलों से भी फैंटेसी स्पोर्ट्स को मजबूती मिली है.

एनालिटीक्स और ब्लॉकचेन का इंटीग्रेशन यूजर्स को और बेहतर अनुभव दे रहा है. जिससे आने वाले समय में इंडिया में फैंटेसी मार्केट और तेजी से बढ़ने की उम्मीद है.

FIFS और डेलॉयट के एक सर्वे के मुताबिक इंडिया रिपोर्ट के मुताबिक फैंटेसी स्पोर्ट्स से टोटल 10,700 करोड़ रुपये का रेवेन्यू आ सकता है. इसमें से 5500 करोड़ रुपये वेंडर्स और सर्विस प्रोवाइडर्स से आने वाली इनडायरेक्ट कमाई के भी हैं.

रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि फैंटेसी स्पोर्ट्स में क्रिकेट की हिस्सेदारी सबसे अधिक बनी रहेगी. क्रिकेट फैंटेसी स्पोर्ट्स का मार्केट FY21 में 34,600 करोड़ रुपये रहने का अनुमान था जो FY25 में 38% की दर से बढ़कर 1,65,000 करोड़ रुपये होने का अंदाजा दिया गया है.


Edited by Upasana

Montage of TechSparks Mumbai Sponsors