अब सरकार माई-बाप नहीं, सेवक है: पीएम-किसान योजना की 11वीं किस्त जारी करते हुए बोले पीएम मोदी

By रविकांत पारीक
May 31, 2022, Updated on : Tue May 31 2022 11:11:13 GMT+0000
अब सरकार माई-बाप नहीं, सेवक है: पीएम-किसान योजना की 11वीं किस्त जारी करते हुए बोले पीएम मोदी
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने सरकार की आठवीं वर्षगांठ के मौके पर मंगलवार को शिमला के रिज मैदान में एक रैली को संबोधित किया. रैली से पहले उन्होंने 10 करोड़ से अधिक किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) योजना के तहत 21,000 करोड़ रुपये के वित्तीय लाभ की 11वीं किस्त जारी की.


प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा, "हमने प्रत्यक्ष लाभ अंतरण के माध्यम से विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों के बैंक खातों में 22 लाख करोड़ रुपये से अधिक राशि स्थानांतरित की है."


उन्होंने दावा किया कि देश में गरीबी कम हो रही है और यहां तक कि अंतरराष्ट्रीय एजेंसियां भी इसे स्वीकार कर रही हैं.


पीएम मोदी ने कहा, "मैं खुद को प्रधानमंत्री नहीं बल्कि ‘प्रधान सेवक’ और 130 करोड़ भारतीयों के परिवार का सदस्य मानता हूं और मेरा जीवन उनके लिए है."


उन्होंने आगे कहा,"हमारी योजनाओं ने लोगों के लिए सरकार के मायने ही बदल दिए हैं. अब सरकार माई-बाप नहीं, अब सरकार सेवक है."


प्रधानमंत्री ने आगे कहा, "जब सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण का लक्ष्य हो, तो कैसे काम होता है, इसका एक उदाहरण है Direct Benefit Transfer स्कीम, अभी मैं जो कह रहा था, DBT के माध्‍यम से, Direct Benefit Scheme के माध्‍यम से, 10 करोड़ से अधिक किसान परिवारों के बैंक खाते में सीधे 21 हज़ार करोड़ रुपए ट्रांसफर हो गए हैं."


उन्होंने कहा, "ये हमारे छोटे किसानों की सेवा के लिए हैं, उनके सम्मान की निधि हैं. बीते 8 साल में ऐसे ही DBT के जरिए हमने 22 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा सीधे देशवासियों के अकाउंट में ट्रांसफर किए हैं. और ऐसा नहीं हुआ कि 100 पैसा भेजा तो पहले 85 पैसा लापता हो जाता था. जितने पैसे भेजे, वो पूरे के पूरे सही पते पर, सही लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजे गए हैं."


पीएम ने आगे कहा, "आज इस योजना की वजह से सवा दो लाख करोड़ रुपए की लीकेज रुकी है. पहले यही सवा दो लाख करोड़ रुपए बिचौलियों के हाथों में चले जाते थे, दलालों के हाथों में चले जाते थे. इसी DBT की वजह से देश में सरकारी योजनाओं का गलत लाभ उठाने वाले 9 करोड़ से ज्यादा फर्जी नामों को हमने लिस्ट से हटाया है."


गौरतलब हो कि PM-KISAN के तहत, पात्र किसान परिवारों को प्रति वर्ष 6,000 रुपये का वित्तीय लाभ प्रदान किया जाता है, जो 2,000 रुपये की तीन समान किस्तों में देय होता है.


1 जनवरी को, पीएम मोदी ने 10 करोड़ से अधिक लाभार्थी किसान परिवारों को 20,000 करोड़ रुपये से अधिक की 10 वीं किस्त जारी की थी.