केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लॉन्च किया ये खास ‘मेक इन इंडिया’ डिवाइस, इंटरनेट का होगा कायापलट?

By रविकांत पारीक
October 03, 2022, Updated on : Mon Oct 03 2022 07:03:54 GMT+0000
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लॉन्च किया ये खास ‘मेक इन इंडिया’ डिवाइस, इंटरनेट का होगा कायापलट?
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) के 'मेक इन इंडिया' (Make In India) मिशन को गति देते हुए, दूरसंचार मंत्री अश्विनी वैष्णव (Ashwini Vaishnaw) ने Sensorise के SenseIT Energy MAID डिवाइस को लॉन्च किया है. यह एक मल्टी-एक्सेस इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) डिवाइस है. यह डिवाइस इन्फ्रास्ट्रक्चर, टेक्नोलॉजी और सर्विसेज सेक्टर की कायापलट कर सकता है. इससे भारत में मशीन-टू-मशीन (M2M) अपनाने में भी मदद मिलेगी.


यह डिवाइस एक 'मेक इन इंडिया' IoT सॉल्यूशन है जिसे सरकार के आत्मनिर्भर भारत (Atmanirbhar Bharat) अभियान के तहत लॉन्च किया गया है. यह अभियान ग्लोबल स्टैंडर्ड्स के हिसाब से भारत की टेक्नोलॉजी की दक्षताओं को प्रमोट करता है. SenseIT Energy MAID एक मल्टी-एक्सेस इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) डिवाइस है जो कई इंडस्ट्री वर्टिकल में बेहद कारगर साबित हो सकता है.


इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) ऐसी टेक्नोलॉजी है, जिसमें कई गैजेट्स को नेटवर्किंग के माध्यम से एक साथ जोड़ा जाएगा. इसमें सभी गैजेट्स एक साथ जुड़कर एक दूसरे को डाटा एक्सचेंज करते हैं, जिससे सभी डिवाइसेज के बीच इंटीग्रेशन आता है.


केंद्रीय मंत्री ने रविवार को इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2022 (India Mobile Congress 2022) में 22 सदस्य कंपनियों वाले वॉयस आत्मनिर्भर पवेलियन (VoICE Atmanirbhar Pavilion) का भी उद्घाटन किया.


Sensorise IoT- सक्षम माइनिंग और ऑटोमोबाइल सॉल्यूशंस में मार्केट लीडर है और VoICE ग्रुप का एक विशेषाधिकार प्राप्त सदस्य है क्योंकि यह मशीन-टू-मशीन (M2M) को भारत में चलाने के लिए स्टैंडर्ड्स, पॉलिसी और रेग्यूलेशंस में अहम योगदान के साथ इन्फ्रास्ट्रक्चर, टेक्नोलॉजी और सर्विसेज में अंतर को खत्म करता है.


विशेष रूप से, IoT मॉनिटरिंग सिस्टम वाले ऑटोमोबाइल वाहन की क्षमता और रखरखाव, चालक व्यवहार और नेविगेशन की सटीकता को बढ़ाएंगे.


Sensorise M2M/IoT कम्युनिकेशंस वर्टिकल में रोसमेर्टा ग्रुप (Rosmerta Group) की सहायक कंपनी है. उद्घाटन सत्र की मेजबानी रोसमेर्टा ग्रुप के फाउंडर विवेक नागपाल और रोसमेर्टा ग्रुप के अध्यक्ष कर्ण नागपाल ने की थी.


विजया कामथ, सीटीओ, Sensorise ने कहा, "M2M/IoT कई इंडस्ट्रीज और सेक्टर्स में बेहम महत्वपूर्ण साबित होगा. यह इंडस्ट्री 4.0 के लिए एक सच्चा प्रवर्तक होगा. इसके रिमोट प्रोविजनेबल eSIM और MAID डिवाइस के साथ Sensorise M2M इकोसिस्टम के साथ तालमेल करने के लिए विशिष्ट रूप से तैनात है."


रोसमेर्टा ग्रुप के अध्यक्ष कर्ण नागपाल ने कहा, "इंडियन मोबाइल कांग्रेस 2022 में 5G के लॉन्च ने उद्योग जगत में M2M IoT को तेजी से अपनाने को बढ़ावा देने वाली संचार की हमारी रणनीति को मजबूत किया है. सेंसराइज और रोसमेर्टा ग्रुप इस विजन को पूरा करने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं."


आपको बता दें कि साल 1999 में साइंटिस्ट Kevin Ashton ने सबसे पहले इस कॉन्सेप्ट का नाम ‘Internet of Things’ रखा था. तब वो P&G (जो की बाद में MIT’s Auto-ID Center बना) में काम किया करते थे.