सरकारी कर्मचारियों के लिए जरूरी खबर! जनवरी-मार्च में GPF पर ब्याज का हो गया ऐलान

By Ritika Singh
January 04, 2023, Updated on : Wed Jan 04 2023 09:21:32 GMT+0000
सरकारी कर्मचारियों के लिए जरूरी खबर! जनवरी-मार्च में GPF पर ब्याज का हो गया ऐलान
वित्त मंत्रालय के तहत आने वाले आर्थिक कार्य विभाग की ओर से इस बारे में सर्कुलर जारी हो गया है.
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
Share on
close

वित्त मंत्रालय (Ministry of Finance) ने जनरल प्रोविडेंट फंड (GPF) और ऐसी ही अन्य प्रोविडेंट फंड स्कीम्स के मामले में जनवरी-मार्च 2023 तिमाही के लिए ब्याज दरों की घोषणा कर दी है. मंत्रालय ने GPF और ऐसे ही अन्य फंड्स के लिए जनवरी-मार्च तिमाही में भी ब्याज को 7.1 प्रतिशत पर अपरिवर्तित रखा है. दिसंबर तिमाही और सितंबर तिमाही में भी यही ब्याज दर लागू थी. वित्त मंत्रालय के तहत आने वाले आर्थिक कार्य विभाग की ओर से इस बारे में सर्कुलर जारी हो गया है.


सर्कुलर में कहा गया है, 'आम जानकारी के लिए यह घोषित किया जाता है कि वर्ष 2022-23 के दौरान सामान्य भविष्य निधि (General Provident Fund) और उसी प्रकार की अन्य निधियों के सब्सक्राइबर्स की कुल जमा रकम पर दी जाने वाली ब्याज दर 1 जनवरी 2023 से 31 मार्च 2023 तक 7.1 प्रतिशत सालाना होगी. यह दर 1 जनवरी 2023 से लागू होगी.'

संबंधित निधियां इस तरह हैं-

1. सामान्य भविष्य निधि (केंद्रीय सेवाएं)

2. अंशदायी भविष्य निधि (भारत)

3. अखिल भारतीय सेवा भविष्य निधि

4. राज्य रेलवे भविष्य निधि

5. सामान्य भविष्य निधि (रक्षा सेवाएं)

6. भारतीय आयुध विभाग भविष्य निधि

7. भारतीय आयुध कारखाना कामगार भविष्य निधि

8. भारतीय नौसेना गोदी कामगार भविष्य निधि

9. रक्षा सेवा अधिकारी भविष्य निधि

10. सशस्त्र सेना कार्मिक भविष्य निधि

क्या है GPF?

GPF एक तरह का प्रोविडेंट फंड अकाउंट ही है लेकिन यह हर तरह के इंप्लॉइज के लिए नहीं होता है. GPF का फायदा केवल सरकारी कर्मचारियों को ही मिलता है. इसका फायदा लेने के लिए सरकारी कर्मचारियों को अपनी सैलरी का एक निश्चित हिस्सा GPF में डालना होता है. सरकारी कर्मचारियों के एक निश्चित वर्ग के लिए GPF में योगदान करना अनिवार्य है. इंप्लॉयमेंट टर्म के दौरान इंप्लॉइज द्वारा जीपीएफ में किए गए योगदान से तैयार कुल अमाउंट को रिटायरमेंट के वक्त इंप्लॉई को भुगतान किया जाता है. GPF में सरकार योगदान नहीं करती, केवल कर्मचारी की ओर से योगदान होता है. सरकार की ओर से कर्मचारी के पेंशन फंड (Pension Fund) में योगदान जाता है. GPF की ब्याज दर में वित्त मंत्रालय हर तिमाही पर बदलाव करता है.

कुछ स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स पर ब्याज दरें बढ़ीं

सरकार ने जनवरी-मार्च 2023 के लिए डाकघर टर्म डिपॉजिट, NSC, मंथली इनकम अकाउंट स्कीम (MIS), सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम (SCSS) और किसान विकास पत्र (KVP) समेत 5 स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स पर ब्याज दरों में 1.1 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की है. यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2023 से लागू हो रही है. हालांकि, पब्लिक प्रोविडेंट फंड (पीपीएफ), डाकघर आरडी, सुकन्या समृद्धि स्कीम और डाकघर बचत खाते की ब्याज दरों में बदलाव नहीं किया गया है.