कोविड-19 से लड़ने वाले स्वास्थ्य कर्मियों के लिए बीमा योजना की अवधि 180 दिन और बढ़ाई गई

By रविकांत पारीक
April 20, 2022, Updated on : Wed Apr 20 2022 07:12:01 GMT+0000
कोविड-19 से लड़ने वाले स्वास्थ्य कर्मियों के लिए बीमा योजना की अवधि 180 दिन और बढ़ाई गई
सरकार द्वारा इस बीमा पॉलिसी की अवधि बढ़ाने का निर्णय लिया गया है ताकि उन स्वास्थ्य कर्मियों के आश्रितों के लिए सुरक्षा कवच उपलब्ध कराना जारी रखा जा सके जो कोविड-19 रोगियों की देखभाल के लिए प्रतिनियुक्त हैं।
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
  • +0
    Clap Icon
Share on
close
Share on
close

'प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज (PMGKP), कोविड-19 से लड़ने वाले स्वास्थ्य कर्मियों  के लिए बीमा योजना' की अवधि 19 अप्रैल, 2022 से 180 दिन और बढ़ा दी गई है। इस बीमा पॉलिसी की अवधि बढ़ाने का निर्णय लिया गया है ताकि उन स्वास्थ्य कर्मियों के आश्रितों के लिए सुरक्षा कवच उपलब्ध कराना जारी रखा जा सके जो कोविड-19 रोगियों की देखभाल के लिए प्रतिनियुक्त हैं।


इस आशय का एक पत्र दिनांक 19 अप्रैल, 2022 सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के अपर मुख्य सचिवों (स्वास्थ्य)/प्रधान सचिवों (स्वास्थ्य)/सचिवों (स्वास्थ्य) को उनके संबंधित राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के स्वास्थ्य कर्मियों के बीच व्यापक प्रचार करने के लिए जारी किया गया है।


PMGKP को 30 मार्च, 2020 को सामुदायिक स्वास्थ्य कर्मियों और निजी स्वास्थ्य कर्मियों सहित उन 22.12 लाख स्वास्थ्य देखभाल प्रदाताओं को 50 लाख रुपये का व्यापक व्यक्तिगत दुर्घटना कवर प्रदान करने के लिए लॉन्च किया गया था, जो कोविड-19 रोगियों की देखभाल कर रहे हैं और सीधे संपर्क में रहे हैं तथा जिन्हें कोविड-19 से प्रभावित होने का खतरा हो सकता है।


इसके अलावा अप्रत्याशित स्थिति के कारण राज्यों/केंद्रीय अस्पतालों/केंद्र/राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के स्वायत्त अस्पतालों, एम्स और राष्ट्रीय महत्व के संस्थानों/अस्पतालों कोविड-19 रोगियों की देखभाल के लिए केंद्रीय मंत्रालयों के अस्पतालों द्वारा विशेष रूप से तैयार अस्पतालों द्वारा अधिग्रहण किए गए निजी अस्पताल के कर्मचारी/सेवानिवृत्त/स्वयंसेवक/स्थानीय शहरी निकाय/अनुबंध/दैनिक वेतन/एडोक/आउटसोर्स स्टाफ भी PMGKP के अंतर्गत आते हैं।


योजना के शुभारंभ के बाद से अब तक उन 1905 स्वास्थ्य कर्मियों के दावों का निपटारा किया जा चुका है, जिनकी कोविड संबंधित कार्यों के लिए तैनात किए जाने के दौरान मृत्यु हो गई थी।


Edited by Ranjana Tripathi