चौकीदार के 16 साल के बेटे ने बनाया गेमिंग चैनल, यूट्यूब से मिला अवार्ड, शिक्षा विभाग ने भी किया सम्मानित

दो साल में ही एक चौकीदार के 16 वर्षीय बेटे अंकित के यूट्यूब चैनल Ankit Gamerz के 3 लाख 48 हजार से अधिक सब्सक्राइबर्स हो गए. अब Ankit Gamerz को YouTube ने YouTube Creator Award से भी नवाज दिया है.

चौकीदार के 16 साल के बेटे ने बनाया गेमिंग चैनल, यूट्यूब से मिला अवार्ड, शिक्षा विभाग ने भी किया सम्मानित

Saturday February 25, 2023,

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कोविड-19 महामारी के बीच जब सभी ऑफलाइन एजुकेशनल और कोचिंग इंस्टीट्यूट बंद हो गए तब ऑनलाइन लर्निंग ने इसका समाधान मुहैया कराया. इस दौरान ऑनलाइन लर्निंग मार्केट में पैठ बनाने के लिए धीरे-धीरे आगे बढ़ रहे कोचिंग का सुनहरा दौर आया.

इस दौरान केवल बड़े कोचिंग इंस्टीट्यूट ही नहीं फले-फूले बल्कि छोटे-छोटे यूट्यूब चैनलों को भी तेजी से पैठ बढ़ाने का मौका मिला. ऐसा ही एक YouTube चैनल सांताक्रूज़ में शास्त्रीनगर मुंबई पब्लिक स्कूल (एमपीएस) के 13 वर्षीय छात्र अंकित सिंह ने गेमिंग ट्यूटोरियल पर फरवरी, 2021 में बनाया.

दो साल में ही एक चौकीदार के 16 वर्षीय बेटे अंकित के यूट्यूब चैनल Ankit Gamerz के 3 लाख 48 हजार से अधिक सब्सक्राइबर्स हो गए. अब Ankit Gamerz को YouTube ने YouTube Creator Award से भी नवाज दिया है. यह खिताब YouTube अपने सबसे लोकप्रिय चैनलों को देता है.

अंकित की इस उपलब्धि के लिए बीएमसी स्कूल शिक्षा विभाग ने उन्हें सम्मानित किया है. इस मौके पर अपने शिक्षकों से मिलने वाली बधाई पाकर 16 साल के अंकित खुशी से झूम उठे.

अंकित मार्च में शुरू होने वाली सेकेंडरी स्कूल सर्टिफिकेट (एसएससी) परीक्षा में शामिल होंगे. बोर्ड परीक्षा की तैयारी करते समय उन्होंने पढ़ाई पर अधिक ध्यान देने का फैसला किया है और इस तरह ऑनलाइन खेलना बंद कर दिया है. हालांकि, अपने यूट्यूब चैनल ने अंकित ने लिखा है कि उनकी इच्छा 10 लाख सब्सक्राइबर्स हासिल करने की है.

अंकित के चौकीदार पिता निरंजन सिंह नहीं चाहते कि अंकित पढ़ाई से ध्यान हटाएं. निरंजन सिंह के तीन और बच्चे हैं जो कि अपनी पढ़ाई पर ध्यान देते हैं. लेकिन अंकित गेम खेलने के लिए अपनी मां का फोन लेते थे और बाद में यूट्यूब पर वीडियो अपलोड करने लगे.

अंकित बताते हैं कि उनके लिए यह सब आसान नहीं था. उन्हें लगातार फोन का इस्तेमाल करने पर अक्सर ही परिवार से डांट खानी पड़ती है. उन्होंने कहा, ‘मेरे माता-पिता मुझसे फोन छीन लेते थे. मुझे वीडियो चलाने और अपलोड करने के लिए देर रात तक इंतजार करना होता था.’

हालांकि, अधिक फोन इस्तेमाल करने के कारण डांटने के लिए वह अपने माता-पिता को दोष नहीं देना चाहते हैं. अंकित कहते हैं कि मैं उन्हें दोष नहीं दूंगा. कौन सा स्कूल या अभिभावक नहीं चाहेगा कि बच्चा पढ़ाई पर फोकस करे? मेरे पड़ोसी मेरे लिए बहुत खुश हैं लेकिन मेरे माता-पिता अभी भी अपने रुख पर कायम हैं, मुझे पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने और खाली समय में ही अपना YouTube चैनल चलाने के लिए कह रहे हैं.


Edited by Vishal Jaiswal