SBI क्रेडिट कार्ड से रेंट भरने पर लगेगा प्रोसेसिंग चार्ज, EMI ट्रांजैक्शन भी महंगा हुआ

By yourstory हिन्दी
October 17, 2022, Updated on : Mon Oct 17 2022 03:18:32 GMT+0000
SBI क्रेडिट कार्ड से रेंट भरने पर लगेगा प्रोसेसिंग चार्ज, EMI ट्रांजैक्शन भी महंगा हुआ
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया क्रेडिट कार्ड के जरिए रेंट पेमेंट पर अपने कस्टमर्स से प्रोसेसिंग फीस वसूलने वाला दूसरा बैंक बन गया है. इससे पहले ICICI बैंक ने भी अपने क्रेडिट कार्ड होल्डर्स से रेंट का एक फीसदी प्रोसेसिंग फीस की तरह चार्ज करने का ऐलान किया था.
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अगर आपक पास एसबीआई का क्रेडिट कार्ड (SBI Credit Card) है, तो यह खबर आपके काम की है. एसबीआई कार्ड्स ने एक एसएमएस के जरिए अपने यूजर्स को बताया है कि उसने क्रेडिट कार्ड यूजर्स के लिए कुछ नियमों में बदलाव किया है. नए बदलाव 15 नवंबर, 2022 से प्रभावी होंगे.


SBI ने नए बदलावों के तहत EMI ट्रांजैक्शन से जुड़े कुछ चार्जेज बढ़ा दिए हैं तो क्रेडिट कार्ड के जरिए रेंट पेमेंट् पर कुछ नए तरह के चार्ज जोड़ दिए हैं. मैसेज के मुताबिक एसबीआई कार्ड्स ने मर्चेंट ईएमआई ट्रांजैक्शन पर प्रोसेसिंग फीस 99 रुपये से बढ़ाकर 199 रुपये कर दिया है. ऐसे ट्रांजैक्शन पर भी 18% की दर से जीएसटी भी चार्ज किया जाएगा.


इसके अलावा अब क्रेडिट कार्ड के जरिए होने वाले रेंट पेमेंट्स (Rent Payments) पर 99 रुपये की प्रोसेसिंग फीस साथ में टैक्स चार्ज किया जाएगा. ग्राहक अधिक जानकारी बैंक की साइट पर जाकर देख सकते हैं.


हालांकि अभी तक ये तय नहीं है कि अगर कोई ट्रांजैक्शन 15 नवंबर से पहले हुआ है और बिलिंग साइकल 15 नवंबर के बाद है तो उस पर नए रेट लागू होंगे या नहीं. इन बदलावों के साथ एसबीआई क्रेडिट कार्ड के जरिए रेंट पेमेंट पर प्रोसेसिंग फीस लेने वाला दूसरा बैंक बन गया है. इससे पहले ICICI बैंक ने क्रेडिट कार्ड के जरिए रेंट पेमेंट करने पर किराये का एक फीसदी प्रोसेसिंग फीस की तरह वसूलने की बात कही थी.

कुछ दिनों पहले ही महंगा हुआ था SBI का लोन

इसके अलावा बैंक ने कुछ दिन पहले ही अपनी ब्याज दरों में बढ़ोतरी का ऐलान भी किया था. बैंक ने शनिवार को मार्जिनल कॉस्ट ऑफ लेंडिंग रेट्स यानी MCLR में 25 बेसिस पॉइंट्स की बढ़ोतरी की. नई ब्याज दरें 15 अक्टूबर से लागू हो चुकी हैं. स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, एक साल का एमसीएलआर 7.70 फीसदी से बढ़ाकर 7.95 फीसदी और दो साल का एमसीएलआर 7.90 फीसदी से बढ़ाकर 8.15 फीसदी कर दिया गया है. MCLR में बढ़ोतरी से बैंक के सभी लोन महंगे हो जाएंगे. यानी स्टेट बैंक से कर्ज लेने वालों के कार लोन, होम लोन की अगले महीने से ईएमआई बढ़ जाएगी.

FD और सेविंग्स पर ज्यादा इंटरेस्ट

हालांकि एक राहत की खबर ये है कि बैंक ने सेविंग्स पर भी ब्याज दरों मे बढ़ोतरी का फैसला किया है. नई दरें 15 अक्टूबर से लागू हो चुकी हैं. 10 करोड़ से कम की सेविंग्स पर वर्तमान में इंट्रेस्ट रेट 2.75 फीसदी है जिसे घटाकर 2.70 फीसदी किया गया है. 10 करोड़ और उससे अधिक के सेविंग्स पर इंट्रेस्ट रेट 2.75 फीसदी से बढ़ाकर 3 फीसदी कर दिया गया है.


टर्म डिपॉजिट यानी फिक्स्ड डिपॉजिट के लिए भी इंट्रेस्ट रेट में बढ़ोतरी की गई है. सीनियर सिटीजन को 50 बेसिस पॉइंट्स का एडिशनल लाभ मिलेगा. 7 दिन से लेकर 1 साल से कम के लिए होने वाली एफडी पर अब 3 फीसदी से 4.70 फीसदी तक ब्याज मिल रहा है.


1 साल से लेकर 2 साल से कम के लिए 5.60  फीसदी, 2 साल से लेकर 3 साल से कम के लिए 5.65 फीसदी, 3 साल से लेकर 5 साल से कम के लिए 5.80 फीसदी, 5 साल से 10 साल तक के लिए इंट्रेस्ट रेट 5.85 फीसदी कर दिया गया है जो पहले 5.65 फीसदी था.


Edited by Upasana